बड़ागांव। बलदेव पीजी कॉलेज में वैदिक शिक्षा परिषद के शत वार्षिक समारोह के अंतिम दिन मुख्य अतिथि महिला कल्याण मंत्री रीता बहुगुणा जोशी ने कहा कि देश के विकास के लिए राष्ट्रवाद की शिक्षा जरूरी है। अंग्रेजों ने कई विश्वविद्यालय बनवाए मगर काशी विद्यापीठ तथा बनारस हिंदू विश्वविद्यालय की भारत में राष्ट्रवाद के योगदान में महत्वपूर्ण भूमिका है।
उन्होंने कहा कि भारत में बहुत से महापुरुषों ने जन्म लिया जो शिक्षक, चिकित्सक, लेखक, वकील, पत्रकार के रूप में राष्ट्रचिंतन एवं राष्ट्र विकास के लिए काम किया। एपीजी कलाम ने कहा था कि सपने देखो मगर उसको सार्थक करने के लिए हिम्मत रखो। अगर सपने देखते हैं तो उसको जरूर दृढ़ संकल्पित होकर पूरा करें। युवा पीढ़ी ही देश की दिशा एवं दशा तय करेगी। कैबिनेट मंत्री रीता बहुगुणा जोशी ने कहा कि बलदेव वैद्य ने शिक्षण संस्थानों की स्थापना कर सामाजिक उत्थान में अपना अतुलनीय योगदान दिया है। स्वास्थ्य एवं शिक्षा के क्षेत्र में लगाया गया एक छोटा सा पौधा आज विशाल वृक्ष के रूप में सामाजिक उत्थान में अपना योगदान कर रहा है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सोच युवाओं की बेरोजगारी दूर कर समृद्ध भारत का निर्माण करना है। इसके पहले कैबिनेट मंत्री ने बलदेव वैद्य की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। वैदिक शिक्षा परिषद के सचिव एवं प्रबंधक डॉ. एस डी अग्रवाल ने आगंतुकों को स्मृति चिह्न भेंट कर स्वागत किया। विधायक डॉ. अवधेश सिंह ने वैदिक शिक्षा परिषद के अतीत पर प्रकाश डालते हुए इसके निरंतर उत्थान के लिए प्रयत्नशील प्रबंधक की सराहना की। समारोह में बम बम बोल रहा है काशी की तर्ज एवं अन्य भक्ति गीत के माध्यम से गायक अमरेंद्र शुक्ल ने लोगों का भरपूर मनोरंजन किया। इस दौरान डॉ. अशोक सिंह, अंशू सिंह, डॉ. जे पी दुबे, शैलेश पांडेय, शशांक शेखर त्रिपाठी सहित दर्जनों लोग उपस्थित थे ।