वाराणसी। अब लोहता की ओर से आने वाली ट्रेनें बिना कैंट रेलवे स्टेशन जाए सीधे मंडुवाडीह रेलवे स्टेशन जा सकेंगी। इसके लिए लहरतारा में नई रेल लाइन बिछाई जा रही है। चार से पांच महीने में रेल लाइन बनकर तैयार हो जाएगी। इसके तैयार हो जाने के बाद कैंट रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों का दबाव कम होगा।
कैंट रेलवे स्टेशन पर ट्रेनों का दबाव कम करने के लिए कई ट्रेनों को मंडुवाडीह रेलवे स्टेशन से संचालित किया जाना है। इनमें काशी विश्वनाथ एक्सप्रेस, दून एक्सप्रेस, महानगरी एक्सप्रेस सहित आधा दर्जन ट्रेनें शामिल हैं। लोहता की तरफ से आने वाली ट्रेनों जैसे काशी विश्वनाथ एक्सप्रेस व दून एक्सप्रेस को मंडुवाडीह स्टेशन पर पहुंचने के लिए कैंट होकर गुजरना होगा। इस प्रक्रिया में कैंट रेलवे स्टेशन की कई रेल लाइनों पर परिचालन प्रभावित होगा।
इस समस्या से निपटने के लिए फुलवरिया की ओर से एक नई लाइन निकाली जा रही है जो सीधे लहरतारा में आकर मंडुवाडीह जाने वाली रेल लाइन से मिल जाएगी। ऐसे में ट्रेनें बिना कैंट रेलवे स्टेशन जाए मंडुवाडीह निकल जाएंगी। लहरतारा स्थित उत्तर रेलवे की साइडिंग को स्थानांतरित कर रेल पटरी बिछाई जा रही है। उत्तर और पूर्वोत्तर रेलवे के कोआर्डिनेशन से बन रही इस लाइन पर 25 करोड़ रुपये खर्च आने का अनुमान है। कैंट रेलवे स्टेशन के निदेशक आनंद मोहन सिंह ने बताया कि नई लाइन बिछ जाने के बाद रेलवे स्टेशन पर परिचालनिक दबाव में कमी आएगी।