सेवापुरी। बरनी चौराहे से लेकर बसवरिया माइनर तिराहे तक लगभग डेढ़ किमी लंबी सड़क पर पीडब्ल्यूडी के अफसरों और ठेकेदार ने 22 ब्रेकर (गति अवरोधक) बना दिए। लोगों का कहना है कि यह मार्ग न तो दुर्घटना बहुल क्षेत्र में आता है और न ही यहां बड़े वाहनों का संचालन ही होता है। फिर क्यों इतने ब्रेकर बनवाए समझ नहीं आ रहा।
स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि जो लोग इस सड़क पर चलते हैं, वह दुर्घटना को लेकर सशंकित रहते हैं। क्योंकि इतने ब्रेकरों को चिह्नित करने के लिए इन पर सफेद पेंट भी नहीं लगवाया गया है, जो दूर से दिखता। अक्सर दूर-दराज से आने वाले वाहन चालक इतनी अधिक संख्या में ब्रेकरों से दुर्घटना के शिकार होते हैं। लोगों का कहना है कि अधिक ब्रेकर होने से आवागमन में ज्यादा वक्त भी लगता है। खरगूपुर, बसवरिया, कामापुर और सोनबरसा के ग्रामीण कहते हैं कि मनमाने ढंग से ज्यादा ब्रेकर बना दिए, जो लोगों के लिए अब परेशानी की वजह बन गए हैं। इस बारे में पीडब्ल्यूडी के अधिशासी अभियंता कृपा शंकर वर्मा ने कहा कि डेढ़ किमी सड़क पर 22 ब्रेकर नियम विरुद्ध है। मामले की जांच कराकर पुलिस बल के साथ सभी ब्रेकरों को तोड़वाया जाएगा।