वाराणसी। काशी में होली का रंग चढ़ने लगा है। जिले भर की होलिकाओं में लकडि़यां, गोहरी, सजाकर लगाई जा रही है। गुरुवार की शाम 6.58 के बाद होलिका दहन होगा। बुधवार को ढोल नगाड़े के साथ होलिका और प्रह्लाद की प्रतिमाएं होलिका स्थल पर स्थापित की गई। इन प्रतिमाओं को झालर मोतियों से सजाया गया है। इसके चारों ओर जलावन लकड़ी लगाए गए हैं।
काशी में घरों से घाट तक रंगों का उल्लास छाने लगा है। होली का चंदा लेने वाले रास्ते में लोगों को रोक रहे हैं। उन्हें अबीर लगाकर होलिका के नाम पर चंदा लेने का क्रम शुरू हो गया है। अबीर-गुलाल और फूलों की बारिश के लिए खरीददारी शुरू है। देश-विदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालु और सैलानी काशी पहुंचने लगे हैं। इनमें अधिकतर विदेशी सैलानी काशी में होली मनाने आए हैं।
होली बारात की भी तैयारियां शुरू हो गई हैं। बड़ी बाजार स्थित प्राचीन होली बारात गुरुवार की शाम 7 बजे निकलेगी। काशी की गंगा जमुनी तहजीब को कायम रखने वाली बारात में सतीश और साहिबा की शादी के लिए निकलने वाली बारात के मुख्य अतिथि प्रदेश के राज्यमंत्री नीलकंठ तिवारी होंगे। बारात गाजे बाजे आतिशबाजी के साथ बड़ी बाजार, लद्धनपुरा, कमालपुरा, छोहरा, आगागंज, कसाई बाड़ा, जैतपुरा, डिगीया, गोपालगंज, औसानगंज, डीएवी,नरहरपुरा, लोहटिया, दोषीपुरा, जमालुद्दीनपुरा होते हुए पुन: बड़ी बाजार शुक्रवार को आएगी।