त्योहारी दिनों में छुट्टीयों चल रही हैं बावजूद इसके हादसों पर ब्रेक नहीं लग पाया। पूर्वांचल में बीते 48 घंटे के दौरान रफ्तार के कहर ने 14 लोगों की जिंदगी लील ली। इनमें शनिवार को बेटी की शादी का कार्ड चढ़ाने विंध्याचल बाइक सवार दंपती की भदोही में मानिकपुर के समीप कार की टक्कर से मौत हो गई।
जबकि शुक्रवार को जौनपुर में केराकत कोतवाली क्षेत्र के टिकुलियाबर गांव के पास डंपर की टक्कर से बाइक सवार दंपती और बेटे की जान चली गई। बाकी मौतें अन्य हादसों में हुईं। भदोही के वेदमनपुर रोटहां गांव निवासी राकेश धीवर (48) की बेटी की शादी तय है।
शनिवार को वह पत्नी उषा धीवर (45) के साथ सुबह 10 बजे बाइक से विंध्याचल कार्ड चढ़ाने जा रहे थे। मानिकपुर के पास एक कार से उनको टक्कर लग गई। हादसे में बाद कार गड्ढे में चली गई, इस दौरान बाइक उसमें फंसकर घिसटती रही। गाड़ी सड़क किनारे बने ट्री गार्ड को धक्का मारकर रुकी। हादसे में दंपती की मौत हो गई। घटना के बाद चालक और उसमें सवार लोग फरार हो गए।
उधर, गोपीगंज थाना क्षेत्र में हादसे में एक बुनकर की भी मौत हो गई। वाराणसी के सारनाथ के व्यासपुर छाहीं निवासी सुभाष (40), पत्नी विद्यावती (38) और आठ वर्षीय इकलौते पुत्र हर्षवर्धन के साथ शुक्रवार को दोपहर बाद साढ़े तीन बजे बाइक से शोक जताने साढ़ू के घर सादीपुर सिरकोनी जा रहे थे।
जौनपुर में केराकत कोतवाली क्षेत्र के थानागद्दी-वाराणसी मार्ग पर टिकुलियाबर गांव के पास पीछे से आ रहे डंपर से टक्कर लग गई। हादसे में तीनों बाइक से गिर गए और डंपर उन्हें कुचलते हुए निकल गया। इससे तीनाें की मौत हो गई।
चालक घटनास्थल से एक किमी दूर मीरचिया गांव के पास डंपर खड़ी कर फरार हो गया। नाराज ग्रामीणों ने शव सड़क पर रखकर सवा चार बजे जाम लगा दिया, जो आठ बजे तक चला। एसडीएम और सीओ ने लोगों को समझाकर शांत कराया।
इसके अलावा आजमगढ़, बलिया, मिर्जापुर में दो-दो तथा सोनभद्र और गाजीपुर में हादसे में एक-एक की मौत हुई।