वाराणसी। ठंड ने अपना असर दिखाना शुरू कर दिया है। शीतलहरी के चलते सुबह और शाम का तापमान काफी नीचे आ गया है। खासकर रात में गलन और शीत लहर भरी हवाओं के चलते लोग कांपने लगे हैं। हालांकि दिन में धूप की वजह से काफी राहत है।
दिसंबर के आखिरी सप्ताह में तापमान गिरने लगा है। शीत लहर और कंपाने वाली हवाओं ने पूरे शहर को अपनी चपेट में ले लिया है। दिन में धूप निकलने के बाद भी सुबह और शाम का तापमान कम होने की वजह से मौसम काफी ठंडा है। इस मौसम में दिन और रात के तापमान में अंतर होने की वजह से सावधानी बरतनी जरूरी है। खासकर छोटे बच्चों और बुजुर्गों को इस मौसम में विशेष सतर्क रहना चाहिए। शुक्रवार को सुबह काफी गलन रही। मौसम विभाग के अनुसार अधिकतम तापमान 22 डिग्री सेल्सियस रहा, वहीं न्यूनतम तापमान 7 डिग्री रिकार्ड किया गया। इस समय पूरा पूर्वांचल शीत लहर की चपेट में है। बीएचयू के मौसम विज्ञानी प्रो. एसएन पांडेय के अनुसार पहाड़ों पर बर्फबारी की वजह से यहां शीत लहर चलने लगी है। आने वाले समय में तापमान और गिरने की आशंका है।
मौसम में गलन, ठंड से बचाने के लिए होने लगे उपाय
सारनाथ। वन विभाग के मिनी जू में कई प्रकार के पशु पक्षी लोगों को आकर्षित करते रहते हैं। बदलते मौसम में ठंड के मद्देनजर वन विभाग इन पशु-पक्षियों को बचाने के लिए लगातार उपाय करता रहता है। यहां बने सभी चिड़ियों के घरौंदा को टाट पट्टी से ढंक दिया गया है। खुले में घूमने वाले पशु जैसे हिरण, काला हिरण, चीतर के लिए टेंट बनाकर पुआल भी डाल दिया गया है जिससे इन पशुओं को ओस व शीतलहर से राहत मिलेगी।