वाराणसी। बड़ा लालपुर स्थित दीनदयाल हस्तकला संकुल में आयोजित सम्मेलन में शामिल होने आए प्रवासी भारतीयों को बांटी गई ‘इंडियाज डिप्लोमेटिक जर्नी : 2014-2018’ बुकलेट ने सोमवार को आयोजकों की खासी किरकिरी कराई। दरअसल, इस पुस्तक में मी टू से चर्चित रहे पूर्व मंत्री व राज्यसभा सांसद एमजे अकबर की तस्वीर प्रकाशित कर उन्हें विदेशी राज्य मंत्री बताया गया है। मामला सार्वजनिक हुआ तो संकुल में मौजूद लोगों में खुसुर-फुसुर शुरू हो गई। वहीं, विदेश मंत्रालय के जिम्मेदारी अधिकारी कुछ भी कहने से कतराते नजर आए।
मी टू अभियान के तहत लगे यौन उत्पीड़न के आरोपों के बाद एमजे अकबर को बीते साल मंत्री पद से इस्तीफा देना पड़ा था। मगर, प्रवासी भारतीय सम्मेलन के पहले दिन केंद्र सरकार की राजनीतिक और कूटनीतिक उपलब्धियों से संबंधित जो बुकलेट बांटी गई है उसमें प्रधानमंत्री मोदी, विदेश मंत्री सुषमा स्वराज और विदेश राज्य मंत्री डॉ. वीके सिंह के साथ ही एमजे अकबर को भी विदेश राज्य मंत्री के तौर पर प्रकाशित किया गया है। हालांकि जब तक मामला पकड़ में आया तब तक काफी देर हो चुकी थी और मौजूद लोगों का कहना था कि यह आयोजन समिति की बड़ी चूक है।