वाराणसी। लेढ़ूपुर में कैलाश यादव पर फायरिंग करने के मामले में वांछित मुन्ना बजरंगी के रिश्तेदार आशीष सिंह उर्फ सोनू ने पुलिस को चकमा देकर सोमवार को अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में समर्पण कर दिया। अदालत ने आशीष को 14 दिनों की न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया। कचहरी परिसर में आशीष अपने समर्थकों की भीड़ के साथ पहुंचा था लेकिन इसके बावजूद पुलिस को उसकी भनक तक नहीं लगी।
हत्या के मामले में निचली अदालत से उम्रकैद की सजा प्राप्त और हाईकोर्ट से जमानत पर छूटे चौबेपुर के नरायनपुर निवासी कैलाश यादव पर लेढ़ूपुर पॉवर हाउस के समीप 18 जुलाई को बाइक सवार दो बदमाशों ने फायरिंग की थी। कैलाश के भाई कमलेश की तहरीर पर सारनाथ थाने में लोहिया नगर निवासी आशीष सिंह उर्फ सोेनू और एक अज्ञात के खिलाफ हत्या के प्रयास का मुकदमा दर्ज किया गया। पुलिस आशीष की तलाश ही कर रही थी कि तब तक उसने अदालत में समर्पण कर दिया। सारनाथ पुलिस अब आशीष को कस्टडी रिमांड पर लेकर वारदात में प्रयुक्त नाइन एमएम की पिस्टल बरामद करेगी। बता दें कि आशीष के पिता अशोक सिंह की हत्या अगस्त 2011 में चौबेपुर के उमरहां बाजार में गोली मार कर की गई थी। कैलाश यादव को इसी मामले में निचली अदालत ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।