वाराणसी। दुकान खोलकर मुफ्त में मरम्मत और सफाई का झांसा देकर जेवर लेकर भाग जाने वाले अंतरजनपदीय गिरोह के चार सदस्यों को क्राइम ब्रांच ने शुक्रवार की रात सारनाथ रेलवे स्टेशन के बाहर से गिरफ्तार किया। चारों की शिनाख्त भदोही के कोतवाली थाना के रैया के विनोद सेठ उर्फ अमित सेठ व आनंद सेठ और इलाहाबाद के फूलपुर थाना के कोनार के लक्ष्मण सोनी व गारापुर के कमलेश सेठ उर्फ बड़कू के तौर पर हुई है। क्राइम ब्रांच ने चारों के पास से 80 हजार रुपये, 10 लाख से ज्यादा कीमत के जेवर, चार मोबाइल, सर्राफ के काम में उपयोग होने वाले औजार और एक बाइक बरामद कर शनिवार को जेल भेज दिया।
एसपी क्राइम ज्ञानेंद्र नाथ प्रसाद ने पुलिस लाइन में पत्रकारों को बताया कि हाल के दिनों में मंडुवाडीह, सारनाथ, रोहनिया और कैंट थाना दर्ज में मुकदमे दर्ज किए गए थे। सारे मामलों के भुक्तभोगियों का आरोप था कि उनके क्षेत्र में आभूषण की दुकान खुली। मुफ्त में मरम्मत और सफाई का झांसा देकर दुकानदार लाखों का जेवर लेकर भाग निकला। मामले की तफ्तीश क्राइम ब्रांच प्रभारी विक्रम सिंह को सौंपी गई थी। सर्विलांस और मुखबिरों की मदद से शुक्रवार की रात क्राइम ब्रांच प्रभारी को पता लगा कि सारनाथ रेलवे स्टेशन के बाहर कुछ लोग जेवरात के साथ मौजूद हैं। इस सूचना पर क्राइम ब्रांच प्रभारी ने अपनी टीम के साथ घेरेबंदी कर चारों को गिरफ्तार किया। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वो शहर के आसपास के इलाकों में दुकानें तलाशते हैं। मुफ्त में जेवर की मरम्मत और सफाई का झांसा देकर महिलाओं के बीच विश्वास बनाते हैं। इसके बाद ढाई-तीन लाख का जेवर मिल जाने पर दुकान बंद कर भाग जाते हैं। चारों ने बताया कि चंदौली के टेंगरा मोड़ व मुगलसराय, मिर्जापुर के आमघाट, कछवा रोड व कैलहट, प्रतापगढ़ के कुंडा, जौनपुर में सरायख्वाजा व शाहगंज, रायबरेली, इलाहाबाद के करछना और बाबतपुर, रामनगर, मोहनराय, राजातालाब, कपसेठी, अर्दली बाजार व आशापुर में किराए पर दुकान लेकर लोगों को लाखों का चूना लगा चुके हैं।