प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पांचवें चरण के चुनाव के लिए यूपी में प्रचार तेज कर दिया है। मोदी ने बुधवार को बाराबंकी में चुनावी रैली को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने समाजवादी पार्टी पर जमकर निशाना साधा। प्रधानमंत्री ने किसान, गरीब, दलित से लेकर आतंकवाद, गुंडागर्दी और भ्रष्टाचार तक का मुद्दा उठाया। मुस्लिम महिलाओं के हक की बात भी कही। पढ़िए पीएम मोदी ने क्या-क्या कहा?
किसानों के लिए क्या बोले?
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, ‘हमारी सरकार छोटे किसानों की जरूरतों और उनकी आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए भी काम कर रही है। हमारे ये किसान साथी फल और सब्जी उगाते हैं। पशुपालन का काम करते हैं। पीएम किसान सम्मान निधि से ऐसे करोड़ों छोटे किसानों की मदद हो रही है। हम सत्ता में आए उसके पहले क्या कभी आपके कानों पर किसी राजनीतिक दल या नेता के मुंह से छोटे किसान जैसा शब्द भी सुना था क्या? इस देश में 80-90% छोटे किसान हैं, लेकिन देश के राजनेताओं और सरकारों को छोटे किसानों की पहवाह नहीं थी। जिसके पास एक हेक्टेयर से ज्यादा जमीन नहीं है। छोटा सा जमीन का टुकड़ा है। वह भी परिवार बढ़ता है तो बंट जाता है। लेकिन उन छोटे किसानों की चिंता इस देश में एक भी सरकार ने नहीं की थी। पहली बार मैं छोटे किसानों के लिए लड़ रहा हूं।’
मोदी बोले, ‘बाराबंकी के ऐसे ही पांच लाख छोटे किसानों को योजनाओं से लाभ दिया है। 800 करोड़ रुपया बाराबंकी के किसानों के खाते में गया है। अगर मैं बाराबंकी के लिए 800 करोड़ नहीं, बल्कि दो सौ करोड़ की भी योजना बनाता तो अखबार और टीवी वाले हेडिंग बना देते। गन्ना किसानों की समस्या का स्थायी समाधान कर रहे हैं। इथेनॉल तैयार कर रहे हैं। आजादी के बाद पहली बार 13 हजार करोड़ रुपये के लागत से हमने पशुओं के टीकाकरण का अभियान चला रखा है। पशुओं को बीमारी से बचाने के लिए अभियान चला रहे हैं। गोबर धन योजना शुरू की है। पशुओं के गोबर से बायोगैस बनाने के लिए प्लांट बना रहे हैं। इससे किसानों की कमाई होगी और उन्हें जैविक खाद भी मिलेगी।’
गरीबों के लिए क्या बोले?
प्रधानमंत्री ने कहा, ‘इन घोर परिवारवादियों ने यूपी के लोगों को कभी खुलकर अपना सामर्थ्य दिखाने का अवसर ही नहीं दिया। ये लोग सोचते हैं जब सामान्य नागरिक, हमारा गरीब मूलभूत सुविधाओं के लिए तरसता रहेगा तो फिर वो अपनी उर्जा आगे बढ़ने में कैसे लगाएगा?’
‘ये घोर परिवारवादी जानते थे कि अगर गरीब के पास उसका अपना पक्का घर हो गया, घर में शौचालय बन गया, गरीब के घर बिजली और गरीब के घर तक सड़क पहुंच गई तो फिर इनके घर के चक्कर कौन काटेगा? उनके पास कौन जाएगा? इसलिए ये घोर परिवारवादी चाहते हैं कि गरीब हमेशा उनके चरणों में रहे। उनके ही चक्कर लगाता रहे।’
‘हम गरीब की चिंता करते हुए उनके जीवन से मुश्किलें कम करने का काम कर रहे हैं। इसलिए आज यूपी का गरीब भाजपा के साथ डटकर खड़ा है। एकजुट होकर चुनाव के हर चरण में भाजपा को आशीर्वाद दे रहा है। ये देखकर ये परिवारवादी लोग बौखलाए हुए हैं। यूपी के लोगों को भ्रमित करने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन इन्हें पता नहीं है। भाजपा की जीत का झंडा आज यूपी के लोगों ने खुद उठा लिया है।’
महिलाओं के लिए क्या बोले?
मोदी ने कहा कि हमने अपनी हर योजनाओं में महिलाओं को सम्मान दिया है। पीएम आवास योजना का लाभ पाने वाली ज्यादातर महिलाएं हैं। किसी की जाति या मजहब देखकर नहीं दी है। सबसे अधिक लाभ अगर इन योजनाओं का हुआ है तो हमारी दलित, पिछड़ी और मुस्लिम समाज की माताओं और बहनों को हुआ है। मोदी ने आगे कहा, यूपी के लोग जानते हैं कि पहले जब यहां घोर परिवारवादियों की सरकार थी तब सड़क पर निकलने में बेटियां डरती थीं। मनचले उनके साथ छेड़खानी करते थे। आज मनचलते जानते हैं कि अगर सीमा लांघी तो कड़ी कार्रवाई होगी। मोदी ने कहा कि आज हम बेटियों का आत्मविश्वास बढ़ा रहे हैं।
तीन तलाक से मुस्लिम बहनों को मुक्त कराया
मोदी ने कहा, ‘मुस्लिम बहनों को तीन तलाक जैसी समस्या से मुक्त कराया। मैं जरा घोर परिवारवादियों से पूछता हूं कि आपको मेरी मुस्लिम बेटियों का दर्द क्यों नहीं दिखा? छोटे-छोटे बच्चे लेकर मुस्लिम महिलाओं को अपने पिता के घर लौटना पड़ता था। क्या ये आपको नहीं दिखा ? वोटबैंक की वजह से इन्होंने मुस्लिम महिलाओं की समस्याओं को नजर अंदाज कर दिया।हमारी सरकार ने मुस्लिम बहनों को तीन तलाक के दुष्चक्र से मुक्त किया है। ये तीन तलाक का कानून केवल मुस्लिम बहनों को सुरक्षा नहीं देता है। उनके माता-पिता और भाईयों को भी सुरक्षा देता है।’
पूरा हिंदुस्तान हमारा परिवार
पीएम ने आगे कहा, ‘जो दावा करते हैं कि वो तो परिवार वाले हैं, उसमें बुरा क्या है? हम परिवार वाले हैं, इसलिए हमें परिवार के दुख का पता है। मैं उन घोर परिवारवादियों से पूछता हूं कि आप अगर परिवार के इतने गुणगान गाते हो तो आपको ये मेरी मुस्लिम बहन-बेटियों की चिंता क्यों नहीं हुई? मेरी मुस्लिम बहन-बेटियों को छोटे-छोटे बच्चों को लेकर पिता के घर लौटना पड़ता था। तब आपको परिवार का दर्द क्यों नहीं समझ में आया। हम परिवार वाले नहीं हैं, लेकिन हर परिवार के दर्द को पहचानते हैं। क्योंकि पूरा हिंदुस्तान हमारा परिवार है। आप सब हमारे परिवार वाले हैं। वोट बैंक के चलते इन लोगों ने मुस्लिम बहनों की दिक्कतों को नजरअंदाज कर दिया।’