उन्नाव। सऊदी मुद्रा रियाल का लालच देकर युवक से 1.55 लाख ठगी की आरोपी बांग्लादेशी महिला की फर्जी प्रपत्रों से जमानत लेने में पांच लोगों पर रिपोर्ट दर्ज हुई थी। पुलिस ने सोमवार को दो आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा है। न्यायालय के आदेश पर जेल में बंद आरोपी महिला, उसके अधिवक्ता, पैरोकार और जमानत लेने वाले दो अज्ञात पर रिपोर्ट दर्ज हुई थी।
रायबरेली के थाना लालगंज के नवरंग का पुरवा निवासी मानू सोनी ने 21फरवरी को रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि महिला सहित दो अज्ञात युवक भारतीय मुद्रा के बदले सऊदी मुद्रा रियाल देने का लालच देकर उनसे 1.55 लाख की ठगी की थी। बदले में कागज की गड्डी देकर भाग निकले थे। पुलिस ने मथुरा जिले के थाना लोहवन के रघुवीर बिहार कॉलोनी जमुना निवासी अब्दुल हुसैन, पश्चिमबंगाल के जिला उत्तर के थाना जीवनतला के काली कतला गांव निवासी मासूम मुल्ला, मथुरा के कोदवन गांव निवासी मिंटू, उसकी पत्नी हमीदा और मथुरा के रघुवीर बिहार कॉलोनी निवासी अफरोजा को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। सभी आरोपी जमानत का प्रयास में लगे थे, इसमें आरोपी हमीदा की जमानत के लिए दो अप्रैल को जिला जज की कोर्ट से जमानत मंजूर होने के बाद नौ अप्रैल को एसीजेएम तृतीय के यहां प्रस्तुत हुई थी। जमानत मंजूर होने के बाद विवेचक सूरज सिंह जमानतदारों का सत्यापन किया था, जिसमें अचलगंज थानाक्षेत्र के मालमऊ गांव निवासी शिवनारायण और उनके भतीजे रामलखन के आधार कार्ड, खतौनी जमानत के लिए अधिवक्ता अनिल कुमार ने लगाए थे, छानबीन में शिवनारायण वृद्ध निकले और रामलखन करीब 10 सालों से गांव आए भी नहीं थे। इस पर वृद्ध को उसके सभी अभिलेखों के साथ न्यायालय में पेश किया था। न्यायालय में अभिलेखों के साथ जमानतदार भी फर्जी मिलने पर जेल में बंद हमीदा के साथ अधिवक्ता अनिल कुमार पैरोकार और जमानतदार बनाए गए दो युवकों के खिलाफ धोखाधड़ी सहित अन्य धाराओं में सदर कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। कोतवाली पुलिस ने जांच कर जमानत लेने वालों में शामिल गंगाघाट कोतवाली के नेतुआ गांव निवासी आशीष राठौर उर्फ संजय और उसी कोतवाली क्षेत्र के अरझोरामऊ निवासी प्रताप को गिरफ्तार कर जेल भेजा है।
कोतवाल अवनीश सिंह ने बताया कि दोनों को करोवन मोड़ के पास से गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है।