दर्द से छटपटाती रही प्रसूता, स्टाफ नर्स ने अस्पताल से बाहर निकाला
संवाद न्यूज एजेंसी
नवाबगंज। क्षेत्र के खैलामऊ निवासी एक युवक ने प्रसव के दौरान नवजात की मौत हो गई थी। पीड़ित ने सीएची में तैनात महिला डाक्टर और कर्मचारियों पर लापरवाही का आरोप लगाया। सीएचसी प्रभारी, महिला हेल्प लाइन और आईजीआरएस पोर्टल पर शिकायत की है।
खैलामऊ गांव निवासी पिंटू ने सीएचसी प्रभारी को दिए गए शिकायती पत्र में बताया कि 21 सितंबर की रात प्रसव पीड़ा होने पर पत्नी रंगोली को लेकर सीएचसी नवाबगंज पहुचा था। नर्स ने प्रसव कराने की बात कही और बाहर से दवाएं लाने के लिए पर्चा दिया। पिंटू का आरोप है कि प्रसव कराने के लिए उससे दो हजार रुपए की मांग भी की गई और न देने पर नर्स ने इलाज रोक दिया। इसके बाद स्टाफ नर्सों ने बिना इलाज के ही रंगोली को अस्पताल से बाहर कर दिया। पुलिस बुलाकर कार्रवाई की धमकी देते हुए एक कागज पर हस्ताक्षर करवा लिया। इसके बाद उसने एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया। इलाज में देरी होने से प्रसव के दौरान नवजात की मौत हो गई थी। कार्यवाहक सीएचसी प्रभारी डॉ. राजेश कुमार ने बताया कि आज ही चार्ज लिया है। मामले की जानकारी नहीं है।