असोहा। कस्बे में थाने से 30 मीटर दूर सराफा दुकान की दीवार में बुधवार रात सेंध काटकर दाखिल हुए चोरों ने नकदी और जेवर सहित लाखों का माल पार कर दिया। गुरुवार सुबह सराफा व्यापारी का भतीजा दुकान पहुंचा तब घटना की जानकारी हुई। चोर दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरे और डीवीआर भी उठा ले गए। गश्त में लापरवाही पर एसपी ने दो सिपाहियों को निलंबित कर दिया है। व्यापारी नेताओं चार दिन में खुलासा न होने पर प्रदर्शन की चेतावनी दी है।
असोहा थानाक्षेत्र के पाठकपुर गांव निवासी अनिल रावत की असोहा कस्बे में थाने से करीब 30 मीटर दूर जेवरों की दुकान है। बुधवार रात छत में सेंध लगाकर दुकान में घुसे चोर 1.75 लाख रुपये और छह लाख कीमत के सोने-चांदी के जेवर पार कर ले गए। गुरुवार सुबह व्यापारी अनिल का भतीजा विनय दुकान खोलने पहुंचा तो पड़ोसी दुकानदार रामकुमार सविता की बंद पड़ी दुकान के ऊपर से सेंध कटी देखी। चोर दुकान में लगे दो कैमरे और डीवीआर भी उठा ले गए हैं। थाने के पास लाखों की चोरी की घटना से व्यापारियों में आक्रोश है। व्यापार मंडल असोहा के अध्यक्ष अखिल श्रीवास्तव और जिला उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल के जिलाध्यक्ष रजनीकांत श्रीवास्तव सहित अन्य व्यापारी पहुंचे और घटना पर आक्रोश व्यक्त किया। व्यापारियों ने चार दिन में खुलासा न होने पर प्रदर्शन की चेतावनी दी है।
एएसपी अखिलेश सिंह फॉरेंसिक भी पहुंचे और फॉरेंसिक टीम से जांच कराई। जांच के दौरान दुकान से करीब तीस मीटर की दूर एक घर में लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज में एक संदिग्ध युवक नजर आया है। हुलिया के आधार पर पुलिस उसका पता लगाने में जुटी है। जांच में बीट सिपाहियों की लापरवाही पाए जाने पर एसपी दीपक भूकर ने दो सिपाहियों को निलंबित कर दिया है। सराफ अनिल रावत ने बताया कि दो दिन पहले ही दुकान में सीसीटीवी लगवाए थे। घटना के खुलासे के लिए एसओजी को लगाया गया है। चोर दुकान में रखी आर्टिफिशियल ज्वैलरी नहीं ले गए। पीड़ित अनिल रावत के मुताबिक सुरक्षा के लिए दुकान में लॉकर भी लगवा रखा है। इसके बाद भी जेवर और रुपये लॉकर के बजाए ड्रार में रखे थे। यह बात पुलिस के गले नहीं उतर रही है। लोगों का कहना है कि जब जेवर और नकदी सुरक्षित रखने की व्यवस्था थी तो ऐसी लापरवाही कैसे की गई। पुलिस इस बिंदु पर भी जांच कर रही है।
व्यापारियों ने किया जाम लगाने का प्रयास
थाने के पास कस्बे मे हुई चोरी के विरोध में आक्रोशित ग्रामीण भल्लाफार्म -कालूखेड़ा मार्ग पर पहुंचकर जाम लगाना चाहते थे। लेकिन एएसपी अखिलेश सिंह ने चार दिन के अंदर खुलासे का आश्वासन देकर सभी को शांत कराया। दुकान के सामने पिकेट भी लगती है। रात में पिकेट ड्यूटी का पता लगाया तो आरक्षी अरविंद कुंतल और संजू यादव की ड्यूटी लगना बताया गया। रजिस्टर में ड्यूटी दर्ज होने की जगह पर फ्लूट लगा मिला। जानकारी होने पर एसपी दीपक भूकर ने दोनों सिपाहियों को निलंबित कर दिया है।