उन्नाव। परिषदीय विद्यालयों में तैनात सहायक अध्यापकों को चार साल में प्रमोशन मिलेगा। पहले इन्हें पांच साल में प्रमोशन मिलता था।
उप्र बेसिक शिक्षा सचिव संजय सिन्हा की ओर से बीएसए को जारी किए गए पत्र में कहा गया है कि प्राथमिक विद्यालयों में तैनात सहायक टीचर जिनका अनुभव चार साल विद्यालयों में पूरा हो चुका है और जनपद में रिक्तियां उपलब्ध हैं ऐसे टीचरों को एक वर्ष की शिथिलता प्रदान करते हुए उनका प्रमोशन किया जाए।
प्रमोशन करते समय इस बात का ध्यान रखा जाए कि उच्च प्राथमिक विद्यालय में गणित व विज्ञान विषय के सहायक अध्यापकों के आवंटित रिक्त पदों को छोड़कर जो रिक्तियां हैं उनमें प्रमोशन प्रक्रिया जूनियर विद्यालयों के लिए अपनाई जाए। पदोन्नति में पारदर्शिता बरतते हुए टीचरों के प्रमाण पत्रों का सत्यापन कराकर नवीन तैनाती नियमावली के अनुसार पदस्थापित की जाए।
यह ध्यान रखा जाए कि जिन टीचरों के विरुद्ध किसी प्रकार की अनुशासनात्मक कार्रवाई की गई हो उनकी पदोन्नति न की जाए। पूर्व माध्यमिक विद्यालयों में एक विज्ञान टीचर अवश्य रखा जाना है। पदोन्नति की कार्यवाही 30 अप्रैल तक पूरी कर ली जाए।
अंतर्जनपदीय टीचरों में नहीं शामिल होगा यह नियम
उन्नाव। प्राइमरी विद्यालयों के तैनात अंतर्जनपदीय टीचरों यह नियम शामिल नहीं किया जाएगा। वे टीचर जिनका जनपद में अनुभव चार साल पूरा हो गया है, उन्हें ही इसमें शामिल किया जाएगा। सहायक टीचरों के प्रमोशन में अंतर्जनपदीय टीचरों की नियुक्ति तिथि उन्नाव बीएसए कार्यालय में कार्यभार ग्रहण करने की तिथि मानी जा रही है।
क्या बोले जिम्मेदार
बीएसए डॉ. मुकेश कुमार सिंह ने बताया कि सहायक टीचरों के प्रमोशन के लिए बीईओ कार्यालय से लिस्ट मांगी गई है। पंद्रह अप्रैल तक सभी बीईओ कार्यालय से प्रमोशन प्रक्रिया में आने वाले सहायक टीचरों की सूची आने के बाद ही यह तय हो पाएगा कि कितने सहायक टीचरों का प्रमोशन किया जाएगा।