हसनगंज। तहसील क्षेत्र के रामपुर गांव में खेत में गेहूं की बर्बाद फसल देखकर किसान को सदमा लगा और घर में दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई। सूचना पर लेखपाल ने गांव पहुंचकर जांच की।
रामपुर गांव निवासी अगनू (57) पुत्र चंद्रिका ने डेढ़ बीघा में गेहूं की फसल तैयार की थी। पिछले माह हुई बारिश से काफी फसल बर्बाद हो गई थी। कुछ शेष बची थी तो अगनू को उम्मीद थी कि कुछ गेहूं पैदा हो जाने से परिवार का भरण पोषण हो जाएगा।
उसकी उम्मीदाें पर रविवार और सोमवार को हुई बारिश ने वज्रपात सा कर दिया। सोमवार को अगनू खेत पर गया था। यहां पर बची फसल को तबाह देख उसको सदमा लग गया। वह बुझे मन से घर लौटा। जैसे ही घर में घुसा उसने सीने में दर्द की शिकायत की।
परिजन जब तक कुछ समझ पाते उसकी हार्टअटैक से मौत हो गई। परिजनों की सूचना पर लेखपाल रामरतन ने गांव जाकर जांच पड़ताल की। हसनगंज तहसीलदार उदयभान सिंह ने बताया कि लेखपाल ने रिपोर्ट दी है। रिपोर्ट के अनुसार, किसान की मौत सदमे से नहीं हुई है।
इससे पहले किसान की सदमे से मौत के मामले में अधिकारियों को अवगत कराने के लिए मोहान विधानसभा के पूर्व निर्दलीय प्रत्याशी सुनील रावत ने मंगलवार सुबह 9 से 11 बजे के बीच डीएम व एसडीएम को फोन मिलाया। दोनों ही अधिकारियों ने फोन नहीं उठाया।