सेवानिवृत्त आईएएस सूर्य प्रताप सिंह पर सदर कोतवाल ने रिपोर्ट दर्ज कराई है। आरोप है कि जिले के परियर घाट में सात साल पहले उतराते मिले 100 शवों की फोटो को बलिया की बताकर योगी सरकार के इशारे पर दफनाए जाने का ट्वीट कर जनभावनाओं को ठेस पहुंचाई है। पुलिस ने बलवा कराने के आशय से लोगों को उकसाने, कूटरचना करने समेत अन्य धाराओं में रिपोर्ट दर्ज की है।
रिपोर्ट में सदर कोतवाल दिनेश चंद्र मिश्र की ओर से कहा गया है कि 13 मई 2021 को शहर के कई संभ्रात नागरिकों द्वारा बताया गया कि सोशल मीडिया पर यूपी कैडर के सेवानिवृत्त आईएएस सूर्य प्रताप सिंह ने एक ट्वीट किया है। लिखा है कि 67 शवों को सरकार ने गंगा तट पर जेसीबी से गड्ढा खोदकर दफन करा दिया है। सेवानिवृत्त आईएएस ने लिखा है कि सुप्रीम कोर्ट ने भी सरकार पर तल्ख टिप्पणी की है। इससे जिले का माहौल तनावपूर्ण हो गया है।
जांच में ट्वीट भ्रामक निकला। पूर्व आईएसएस द्वारा पुरानी फोटो को बलिया जिले की खबर के साथ जोड़ दिया गया है। एएसपी शशि शेखर सिंह ने बताया कि सोशल मीडिया सेल से जानकारी मिली है कि पूर्व आईएएस ने अपने ट्वीट में 13 जनवरी 2014 का फोटो प्रयोग किया है। इसमें उन्नाव के परियर घाट में गंगा नदी में शव बहते हुए पाए गए थे।