संवाद न्यूज एजेंसी
उन्नाव। देवी मंदिरों में नवरात्र की तैयारी तेज हो गई है। मंदिरों की साफ-सफाई कराते हुए कोविड से बचाव के बंदोबस्त किए जा रहे हैं। मंदिर समिति के लोगों का कहना है कि मंदिरों में पूजा-पाठ के समय कोविड प्रोटोकाल का पालन कराया जाएगा। दर्शकों की संख्या सीमित संख्या रखने के लिए बैरिकेडिंग लगवाई जा रही है। मंदिर के आसपास और बाजारों में पूजन सामग्री की दुकानें सज गईं हैं।
नवाबगंज के कुशहरी देवी मंदिर के पुजारी पप्पू सिंह ने बताया कि गुरुवार को दरोगा विमलकांत गोयल ने कोविड-19 की गाइड लाइन की जानकारी देते हुए पालन कराने के निर्देश दिए हैं। नवरात्र में सुबह-शाम आरती के समय मंदिर परिसर को सैनिटाइज कराते हुए निर्धारित संख्या के मुताबिक ही भक्तों को प्रवेश दिया जाएगा। इसी तरह पट खुले रहते समय भी दर्शन-पूजन के दौरान प्रोटोकाल का पालन कराया जाएगा। दुर्गा मंदिर के मुख्य पुजारी मोनू सिंह ने भी प्रोटोकाल का पालन कराये जाने की बात दोहराई। सफीपुर स्थित शंकरी माता सहित क्षेत्र के सभी देवी मंदिरो में साफ-सफाई सहित अन्य तैयारी की जा रही है।
शंकरी देवी मंदिर में पुताई करा रहे पुजारी देवकी नंदन सैनी ने बताया कि कोरोना से बचाव के लिए प्रोटोकाल का पालन कराने पर जोर रहेगा। एसडीएम राजेंद्र प्रसाद ने कहा कि बिना प्रशासनिक स्वीकृति लिए किसी तरह का धार्मिक आयोजन नहीं होने दिया जाएगा। बक्सर स्थित मां चद्रिका देवी धाम समिति के प्रबंधक मोहित दुबे ने बताया कि कई महीनों बाद एहितायत के साथ मंदिर खोलने की अनुमति दी गई है। पूरे मंदिर की सफाई और सैनिटाइजेशन कराया जा रहा है। श्रद्धालु कोरोना नियमों का पालन करते हुए माता के दर्शन कर पाएंगे। बैरीकेडिंग कराई जा रही है।