उन्नाव। बच्चों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए अब बैंक भी विद्यालयों को गोद लेंगी, और यहां पढ़ने वाले बच्चों कोे बैंक के कार्यों और वित्तीय शिक्षा दी जाएगी।
विद्यालय के एक शिक्षक को बैंकों के माध्यम से प्रशिक्षित भी किया जाएगा। विद्यालय के सभी छात्रों का बैंक में खाता भी खोला जाएगा। बैंककर्मी व अधिकारी भी समय-समय पर बच्चों को वित्तीय शिक्षा की जानकारी देने विद्यालय जाएंगे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश के प्रत्येक संासद से एक गांव गोद लेकर उसे आदर्श गांव बनाने के लिए कहा था। इसके बाद जिले के आलाधिकारियों ने कुपोषित गांव गोद लेकर उन गांवों को कुपोषण मुक्त करने की पहल की। अब बैंकों ने भी कदम बढ़ाया है लेकिन बैंक गांव के स्थान पर अपने निकटवर्ती प्राथमिक, जूनियर या इंटर कालेज को गोद लेंगी। बैंकों को गोद लेने में सरकारी विद्यालयों को प्राथमिकता दी जाएगी।
गोद लिए विद्यालय के एक शिक्षक को बैंकिंग और वित्तीय प्रशिक्षण दही चौकी के पास स्थित रीजनल ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान में दिया जाएगा। जिन विद्यालयों को बैंक गोद लेगी उन विद्यालयों के छात्रों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए उन्हें बैंकिंग नियमों की जानकारी दी जाएगी। जिससे यह छात्र आगे चलकर जीवन में किसी प्रकार की कठिनाइयों का सामना न करना पड़े और अपने जीवन की राह आसानी से चुन सके।
जिले में 206 बैंक शाखाएं
उन्नाव। जनपद में 26 बैंकों की कुल 206 बैंक शाखाएं है जिस प्रकार जिले के 206 विद्यालयों को बैंकों द्वारा गोद लेकर वहां पर अध्ययनरत छात्र-छात्राओं को बैंकिंग और वित्तीय शिक्षा दी जाएगी।
वर्जन
बैंकों द्वारा विद्यालयों को गोद लेने के निर्देश मिले है। गोद लेने विद्यालयों के बच्चो को बैंकिंग कार्य और वित्तीय शिक्षा दी जाएगी। इसके लिए चयनित विद्यालय के एक शिक्षक को प्रशिक्षण भी दिया जाएगा। वहां पर पढ़ने वाले सभी छात्र-छात्राओं के खाले भी खोले जाएंगे। - राजेश राबर्ट, एलडीएम उन्नाव