उन्नाव। विधायक कुलदीप सिंह के करीबी पूर्व उप ज्येष्ठ प्रमुख मुन्नू सिंह की बहू की गोली लगने से मौत का मामला सोमवार को उच्चतम न्यायालय पहुंच गया। मृतका के पिता ने विधायक सेंगर समेत अन्य लोगों पर हत्यारोपी पूर्व उप ज्येष्ठ प्रमुख व अन्य नामजद ससुरालीजनों को बचाने का आरोप लगाकर एक याचिका के लिए प्रार्थनापत्र दिया है। मृतका के पिता का आरोप है कि विधायक के दबाव में पुलिस ने अभी तक सभी नामजदों को गिरफ्तार नहीं किया है।
14 मई 2019 को शहर के मोहल्ला बंदूहार निवासी पूर्व उप ज्येष्ठ प्रमुख मुन्नू सिंह की बहू ज्योति की घर में ही गोली लगने से मौत हो गई थी। रायबरेली के सरेनी थाना क्षेत्र के बहादुर गांव निवासी मृतका ज्योति के पिता राकेश सिंह ने उसके ससुर पूर्व उप ज्येष्ठ प्रमुख मुन्नू सिंह, दामाद (मृतका का पति) गोलू सिंह, सास गीता सिंह, जेठ लिंकन, जेठानी विनीता और दादी सास देवकली पर दहेज हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। मृतका के पिता राकेश सिंह ने बताया कि सोमवार को उच्चतम न्यायालय में याचिका के लिए अर्जी दी है। उनका आरोप है कि बेटी ज्योति की हत्या में शामिल पूर्व उप ज्येष्ठ ब्लॉक प्रमुख मुन्नू सिंह काफी समय से राजनीति से जुड़े हैं और वह विधायक कुलदीप सिंह सेंगर के करीबी हैं। रिपोर्ट दर्ज होने के बाद विधायक के दबाव में पुलिस ने जेठ, जेठानी और दादी सास का नाम निकलते हुए अन्य को जेल भेज दिया। विधायक के दबाव में उन्नाव जिले की पुलिस प्रभावी कार्रवाई नहीं कर रही है। राकेश के बेटे रोहित ने बताया कि याचिका के प्रार्थनापत्र पर मंगलवार को सुनवाई हो सकती है।