चौकीदार का शव पोस्टमार्टम भेजने पर थाने का घेराव किए ग्रामीण व परिजन
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बीघापुर(उन्नाव)। दो दिन से लापता चौकीदार की उसके ही साथियों ने गोली मारकर हत्या की थी। बेटे के शक जाहिर करने पर पुलिस ने चौकीदार के दो साथियों से पूछताछ की तो घटना का खुलासा हुआ। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर घर से 15 किमी दूर गंगा नदी के पास गड्ढे से शव बरामद किया। पुलिस ने परिजनों को सूचना दिए बिना शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। इससे नाराज परिजनों व ग्रामीणों ने बीघापुर थाने का घेराव कर हंगामा किया। इसी दौरान थाने के सामने उन्नाव-रायबरेली मार्ग पर जाम लगा दिया। सीओ समेत छह थानों की पुलिस जाम खुलवाने के लिए घंटों जूझती रही। सीओ ने कड़ी कार्रवाई का आश्वासन देकर शांत कराया।
बीघापुर थाना के कस्बा के शास्त्रीनगर निवासी 50 वर्षीय नन्हेलाल चौकीदार था। शुक्रवार को धान की पौध की रखवाली करने खेत गया था। इसके बाद से वापस नहीं लौैटा। शनिवार को घर से 100 मीटर दूर एक बाग में खून लगी शर्ट व चप्पल मिलने पर बेटे सोनू ने अनहोनी की आशंका जता गुमशुदगी दर्ज कराई। जांच के दौरान पुलिस ने चौकीदार के साथ अक्सर उठने बैठने वाले मोहल्ले के मनोज व सुमित पटेल को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो उन्होंने हत्या की बात स्वीकार कर ली। दोनों की निशानदेही पर पुलिस ने मृतक के घर से 15 किमी दूर निबई पुलिस चौकी क्षेत्र में बालाकटरी गांव के मजरा बदियाखेड़ा के पास गंगा नदी की धारा से 50 मीटर पहले खंती से शव को बरामद कर लिया। पुलिस ने शव को बिना परिजनों को सूचना दिए पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
यह जानकारी होने पर परिजनों व सौ से अधिक ग्रामीणों ने बीघापुर थाने का घेराव किया और पुलिस के खिलाफ नारेबाजी की। पुलिस ने समझाने का प्रयास किया तो भीड़ ने थाने के सामने ही उन्नाव-रायबरेली मार्ग पर जाम लगा दिया। सूचना पर सीओ एके राय पहुंचे और प्रदर्शन उग्र होते देख अचलगंज, बारासगवर, बिहार, पुरवा और मौरावां थाने की पुलिस को बुला लिया। इस दौरान करीब दो घंटे तक प्रदर्शन चलता रहा। सीओ ने वाहन की व्यवस्था कर घरवालों को पोस्टमार्टम भेजने और हत्यारोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया तब लोग शांत हुए और जाम खोला। इस दौरान दो घंटे तक मार्ग पर आवागमन बाधित रहा। सीओ ने बताया कि हत्यारोपियों के पास से हत्या में प्रयोग किया गया तमंचा बरामद कर उनके खिलाफ हत्या, शव छिपाने व एससीएसटी एक्ट की धारा में रिपोर्ट दर्ज की गई है। नन्हेलाल की मौत से पत्नी विद्या, पांच बेटों में सोनू, मोनू, अंशु, रोहित, छोटू व एक विवाहित पुत्री मोनिका का बुरा हाल है।
हत्यारोपी बोले, नशे में हो गई घटना
चौकीदार नन्हेलाल के हत्यारोपियाें में मनोज ने पुलिस को बताया कि शुक्रवार शाम वह चौकीदार को घर से साथ ले गया और इंटर कालेज के पीछे दूसरे साथी सुमित पटेल के साथ शराब पी। मनोज ने बताया कि उसके पास तमंचा था। नशे में तमंचा दिखाने के दौरान फायर हो गई और नन्हेलाल के सिर में गोली लग गई। खुद को बचाने के लिए शव को गंगा नदी में फेंकने जा रहे थे। गंगा नदी से कुछ पहले एक झोपड़ी में युवक को देख 50 मीटर पहले शव को गड्ढे में फेंक कर फूस से ढक दिया।