उन्नाव जिले में एडीजी (अपर पुलिस महानिदेशक) की सख्ती पर एसपी ने जिले के सभी थाना-कोतवाली के प्रभारियों को अपराध पर अंकुश लगाने के निर्देश जारी किए हैं। हत्या, लूट, चोरी व फायरिंग की घटनाओं को रोकने के लिए एसपी के निर्देश पर जिले के सभी थाना-कोतवाली की पुलिस ने अपने-अपने क्षेत्र के टॉप-10 अपराधियों की सूची तैयार कराई है।
मोबाइल लोकेशन के आधार पर पुलिस इनकी हर गतिविधि पर नजर रखेगी। लॉकडाउन के बाद से आपराधिक घटनाओं ने कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े किए। फायरिंग और हत्या की घटनाओं ने लोगों में दहशत फैलाई। गंगाघाट में दिनदहाड़े पत्रकार शुभममणि की गोली मारकर हत्या की घटना के बाद बुधवार को एडीजी ने अपराधों पर अंकुश लगाने के निर्देश दिए थे।
एसपी रोहन पी कनय ने पुलिस अधिकारियों संग बैठकर टॉप-टेन अपराधियों की सूची तैयार कराने और उनकी निगरानी के निर्देश दिए। जिसके बाद जिले की सभी थाना-कोतवाली की पुलिस ने अपने-अपने क्षेत्र के टॉप-10 अपराधियों की सूची तैयार कर उनकी निगरानी के लिए संबंधित चौकी व हल्का पुलिस को निर्देशित किया है।
एसपी ने बताया कि इन अपराधियों के खिलाफ कोई भी शिकायत थाना आती है तो पुलिस उसे गंभीरता से लेकर जांच करेगी। दोष सिद्ध होने पर उसकी गिरफ्तारी करेगी। समय-समय पर वाहन चेकिंग अभियान चलाने के भी निर्देश दिए गए हैं। छुटपुट विवाद को हल्के में लेकर कार्रवाई न करने वाले पुलिस कर्मियों पर निलंबन की कार्रवाई की जाएगी।
सदर कोतवाली के टॉप-10 अपराधी
शहर के मोहल्ल्ला शराब मिल कॉलोनी निवासी मुकेश पासी उर्फ चिरौजी, मोहल्ला कासिम नगर का जुबेर खां, तालिब सरांय का जीशान खान, कसाई चौराहा का आजम, जुराखनखेड़ा का अंशू यादव उर्फ अनुराग, आवास विकास कॉलोनी निवासी शेरा कुशवाहा, यहीं का शैलेंद्र क्वार्टर, दरोगाबाग निवासी अंशू सविता, राजेपुर निवासी अनिल उर्फ पुचक्का व गोलू शामिल है।