उन्नाव। मजदूर दिवस के दिन भी मजदूर सम्मान के मोहताज रह गए। एक मई को विश्व मजदूर दिवस पर भी किसी अधिकारी व मजदूरों के हितैषी संगठन को जिले के श्रमिकों की याद नहीं आई। हालांकि श्रम विभाग और कुछ स्वयं सेवी संस्थाओं ने श्रमिकों के साथ बैठक कर कोरम पूरा किया।
जिले की करीब आठ सौ औद्योगिक इकाईयों में एक लाख से अधिक मजदूर कार्यरत हैं। इन मजदूरों के हितों की रक्षा करने का दावा तो कई मजदूर संगठन करते रहते हैं लेकिन 1 मई को मजदूर दिवस पर किसी भी संगठन ने मजदूर एकता और उनके हितोें के प्रति जागरूकता फैलाने के प्रति कोई ठोस कदम नहीं उठाया।
मई दिवस पर श्रम विभाग के सहायक श्रमायुक्त बीपी द्विवेदी लखनऊ स्थित पांच कालीदास मार्ग मुख्यमंत्री निवास पर आयोजित कार्यक्रम में व्यस्त रहे। विभाग के श्रम प्रवर्तन अधिकारी एके वर्मा, एनपी सिंह समेत अन्य कर्मचारियों ने दही चौकी स्थित आईआईए सभागार में श्रमिकों के साथ बैठक कर मजदूर दिवस की औपचारिकताओं को पूरा किया।
यहां अधिकारियों ने श्रमिकों को सरकार की ओर से चलाई जा रही योजनाओं की जानकारी दी। साथ ही श्रमिकों के शोषण को रोकने के लिए सख्त कदम उठाने की बात कही।