बांगरमऊ कोतवाली गनीपुर गांव में बुधवार रात एचटी लाइन का तार सप्लाई लाइन पर गया। घरों में हाई वोल्टेज करंट दौड़ गया। करीब डेढ़ सौ घरों के विद्युत उपकरण फुंक गए। इस दौरान मोबाइल चार्जर का स्विच आफ करने के प्रयास में ससुराल आए युवक की मौत हो गई। अन्य परिवारों के चार लोग झुलस गए। ग्राम प्रधान पति की सूचना पर बांगरमऊ विद्युत केंद्र से सप्लाई बंद की गई। जानकारी पर पहुंची पुलिस ने तफ्तीश की। गुरुवार को लेखपाल प्रशांत मिश्रा ने नुकसान का आंकलन किया।
बांगरमऊ कोतवाली क्षेत्र के गांव जैतीपुर के पास 11 हजार केवीए विद्युत लाइन के नीचे से एलटी लाइन भी गुजरी है। बुधवार रात पड़ोसी गांव अरगूपुर के मजरा गनीपुर के घरों में हाई वोल्टेज आ गया। घरों के उपकरण धुआं उगलने लगे और बल्ब तेज आवाज के साथ फूटने लगे। आनन फानन लोग उठे और स्विच बंद करने के प्रयास में करंट की चपेट में आ गए। इस दौरान मोबाइल चार्जर का स्विच आफ करने के प्रयास में रोहित उर्फ किशन (25) पुत्र पप्पू की मौत हो गई। वह मंगलवार को ससुराल आया था।
वह मूल रूप से आसीवन थानाक्षेत्र के गांव अनवरखेड़ा का रहने वाला था। परिजनों ने बताया कि रोहित लुधियाना में प्राइवेट नौकरी करता था। वहीं करंट लगने से इसी गांव के अखिलेश (17) पुत्र शिवपाल, लेखई (22) पुत्र मुन्नीलाल, बृजेश (30) पुत्र बृजलाल व कोयली (18) पुत्री छबीले झुलस गए। अन्य लोग भी मामूली रूप से झुलस गए। वे एक निजी अस्पताल में इलाज कराकर घर लौट गए। ग्राम प्रधान विमला देवी के पति विमल सिंह ने बांगरमऊ बाईपास स्थित पावर हाउस फोन पर सप्लाई बंद कराई।
इसके बाद पांच झुलसे लोगों को सीएचसी बांगरमऊ पहुंचाया गया। सीएचसी में डाक्टर ने रोहित को मृत घोषित कर दिया जबकि झुलसे लोगों का इलाज कराया गया। ग्राम प्रधान पति विमल सिंह ने बताया कि लगभग 150 घराें के विद्युत उपकरण जल गए हैं।
दो दिन पहले ससुराल आया था
आसीवन थानाक्षेत्र के गांव अनवरखेड़ा निवासी रोहित का परिवार लुधियाना में रहता है। सोमवार को वह जिला हरदोई के गांव बेरूआ हथौड़ा निवासी अपने साढ़ू राजू के बेटे के जन्मदिन में शामिल होने आया था। एक दिन वहां रूकने के बाद मंगलवार को वह अपनी ससुराल आया था। जबकि उसके माता-पिता, पत्नी पुष्पा व तीन भाई-बहन लुधियाना में ही हैं। रोहित की मौत की सूचना पर परिवार के सभी लोग आ रहे हैं।
झटके में पिता बनने की खुशी छिनीं
रोहित का विवाह 23 फरवरी 2016 को पुष्पा से हुआ था। पुष्पा तीन माह की गर्भवती है। पत्नी के गर्भवती होने से घर में खुशियां थीं। रोहित को भी पिता बनने की खुशी थी लेकिन एक पल ने सारी खुशियां छीन लीं। रोहित की मौत से पत्नी पुष्पा व अन्य परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है।
डेढ़ घंटे बाद पहुंची एंबुलेंस
उन्नाव। ग्राम प्रधानपति विमल सिंह ने बताया कि घटना के बाद एंबुलेंस को फोन किया गया था। फोन रिसीव करने वाले ने दस मिनट में पहुंचने की बात कही। लेकिन डेढ़ घंटे तक एंबुलेंस गांव नहीं पहुंची। एंबुलेंस की लापरवाही से रोहित को सीएचसी ले जाने में देरी हो गई और उसकी मौत हो गई। एंबुलेंस के समय से न पहुंचने से ग्रामीणाें में रोष है।
करंट से गांव में तीन महीने में दूसरी मौत
गनीपुर में तीन महीने पहले भी घरों में करंट दौड़ा था। इसमें सरस्वती (38) पत्नी देशराज की मौत हो गई थी। इसकी शिकायत भी बिजली विभाग के अधिकारियों से की गई, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।
एसडीओ बोले, गांव में कोई कनेक्शन नहीं
विद्युत विभाग के एसडीओ फैसल खान ने बताया कि गांव में एक भी कनेक्शन नहीं है। पीएम रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है। परिजनों की मांग पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल अभी मुआवजे को लेकर कुछ नहीं कहा जा सकता।