अचलगंज(उन्नाव)। थानाक्षेत्र के गांव मवइया माफी में मुंबई से वापस लौटे पिता-पुत्र बिना जांच कराए ही घर में रह रहे थे। सात दिन बाद ग्रामीणों को जानकारी हुई तो उन्होंने कंट्रोल रूम को सूचना दी। स्वास्थ्य टीम दोनों को साथ ले गई और सैंपल लेने के बाद घर में होम क्वारंटीन किया है।
मवइया माफी गांव निवासी धर्मेश व उनका बेटा कौशल मुंबई में प्राइवेट नौकरी करते हैं। सड़क मार्ग से 18 मई की रात बिना जांच कराए दोनों घर पहुंचे। ग्रामीणों को इसकी भनक तक नहीं लगी। पांच दिन तक वह घर में ही रुके रहे। 24 मई की सुबह ग्रामीणों को इसकी जानकारी होने पर उन्होंने कंट्रोलरूम को सूचना दी। स्वास्थ्य टीम गांव पहुंची और पिता-पुत्र को साथ ले गई। जिला अस्पताल में सैंपल लेने के बाद दोनों को घर भेज दिया गया। पिता-पुत्र के घर वापस लौटने पर ग्रामीण डरे हुए हैं। संक्रामक रोग प्रभारी डॉ. आरएस मिश्रा ने बताया कि सैंपल जांच के लिए भेजा जाएगा। तब तक होम क्वारंटीन के लिए कहा गया है।