औरास। तीन महीने पहले हुई युवक की मौत की घटना में मृतक के पिता ने नर्सिंगहोम पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाया है। पिता की गुहार पर न्यायालय ने पुलिस को दफनाए गए शव को निकलवाकर पोस्टमार्टम के आदेश दिए हैं। शुक्रवार को एसडीएम पुलिस के साथ पहुंचे लेकिन सूर्यास्त होने से शव नहीं निकलवाया। रविवार को शव निकालकर पोस्टमार्टम कराया जाएगा।
मुरौवन टोला निवासी संतोष कुमार अस्थाना ने अपने बेटे अतुल कुमार को 14 अगस्त 2021 की सुबह कमजोरी लगने पर लखनऊ के पारा थाना के अंबेडकर पार्क स्थित चंद्रा क्लीनिक में भर्ती कराया था। वहां उसी दिन शाम को मौत हो गई थी। पिता ने इलाज में लापरवाही का आरोप लगा पुलिस को तहरीर दी थी लेकिन कार्रवाई नहीं हुई थी। 15 अगस्त को उन्होंने शव गांव लाकर बाग में अंतिम संस्कार कर दिया था। इंसाफ के लिए पिता संतोष ने न्यायालय की शरण ली और बाग में दफनाए गए शव को निकलवाकर पोस्टमार्टम कराने की मांग की थी।
न्यायालय के आदेश पर लखनऊ के पारा थाना में 22 सितंबर को क्लीनिक के मालिक डा. प्रमोद चंद्रा के खिलाफ गैर इरादतन हत्या की रिपोर्ट दर्ज हुई थी। डीएम रवींद्र कुमार ने एसडीएम हसनगंज रामदत्त राम को शव निकलवाकर पोस्टमार्टम कराने के आदेश दिए। शुक्रवार शाम 5 बजे एसडीएम, सीओ बांगरमऊ आशुतोष और थानाध्यक्ष औरास प्रदीप कुमार और लखनऊ पारा थाने के उपनिरीक्षक मृतक के गांव के बाग पहुंचे। सूर्यास्त होने से एसडीएम ने शव को मिट्टी से बाहर निकालने से मना कर दिया। इस पर मृतक के पिता ने नाराजगी जताई। एसडीएम ने रविवार को शव बाहर निकलवाकर पोस्टमार्टम कराने की बात कहकर शांत कराया।