चकलवंशी/पुरवा। माखी के चूराखेड़ा गांव में संदिग्ध हालात में महिला व पुरवा कोतवाली क्षेत्र में 50 वर्षीय किसान का शव फंदे से लटका मिला। मृतका के भाई ने ससुरालियों पर दहेज हत्या का आरोप लगाकर तहरीर दी है।
भदेवना के मजरा चूराखेड़ा निवासी रामेंद्र उर्फ रामू मुंबई में मजदूरी करता है। 20 मई 2020 को उसकी शादी अचलगंज के मवइया निवासी पुत्तीलाल की बेटी सरस्वती उर्फ गंगाजली से हुई थी। चार माह पूर्व पति मुंबई कमाने चला गया था। परिजनों के अनुसार तीन दिन पूर्व पत्नी मायके से गांव आई थी। सुबह उसने पति को फोन मिलाकर मुंबई में साथ रहने की जिद की। फोन पर पति से कहासुनी के बाद सुबह 9 बजे घर के ऊपरी छोर में बने कमरे में जाकर सरस्वती ने फांसी लगा ली। मृतका के भाई अमित कुमार ने पुलिस को तहरीर देकर बताया कि पति व अन्य ससुरालीजन दहेज में चार पहिया वाहन व 50 हजार रुपये की मांग कर रहे थे। मांग पूरी न होने पर बहन को प्रताड़ित किया जा रहा था। इससे ऊबकर उसने जान दे दी।
लखमदेमऊ गांव निवासी चंद्रिका प्रसाद का शव घर से दो सौ मीटर दूर एक जामुन के पेड़ पर लुंगी के सहारे लटका मिला। परिजन शव देख बदहवास हो गए। चंद्रिका की मौत से पत्नी मुन्नी देवी, बेटा दीपक, बेटी निशा, आशा, मनीषा, रोशनी का रोकर बुरा हाल है। परिजनों ने पुलिस को तहरीर देकर चंद्रिका द्वारा मानसिक परेशानी के चलते फंदे से लटककर जान देने की तहरीर दी है। मृतक की बेटी की जून माह में शादी होनी है। बेटी की शादी से पहले पिता की मौत ने पूरे परिवार को बेहाल कर दिया।