उन्नाव। बाजीखेड़ा कंपोजिट स्कूल का बीएसए ने औचक निरीक्षण किया। प्रधान शिक्षक सहित अन्य पांच शिक्षक व शिक्षामित्र समय पर स्कूल नहीं पहुंचे थे। जांच में पता चला कि प्रधान शिक्षक अक्सर गायब रहते हैं। उनके हस्ताक्षर शिक्षामित्र बनाते हैं। पढ़ाई की गुणवत्ता जांची तो कक्षा छह के छात्र, अंग्रेजी में गुड आफ्टरनून नहीं लिख पाए। बीएसए ने प्रधान शिक्षक को निलंबित कर दिया। पांच सहायक शिक्षक और शिक्षामित्र को प्रतिकूल प्रविष्टि देते हुए जवाब तलब किया है।
परिषदीय स्कूलों में शिक्षकों के पहुंचने का समय सुबह 8:45 बजे का है। शिक्षकों को नौ बजे तक स्कूल पहुंच जाना है। उसके बाद भी वह नहीं पहुंच रहे हैं। मंगलवार को बीएसए संगीता सिंह सुबह 9:15 बजे मियागंज ब्लॉक के बाजीखेड़ा कंपोजिट स्कूल पहुंचीं। छात्र बाहर खड़े थे। बीएसए के आने की जानकारी पर 9:25 पर शिक्षामित्र प्रताप नारायण मिश्र और सहायक शिक्षक आशुतोष तिवारी पहुंचे। तीसरे शिक्षक आशुतोष सिंह की सीएल चढ़ी थी। 9:30 बजे सहायक शिक्षक श्रीकृष्ण मिश्र और सुजीत कुमार गुप्ता पहुंचे।
प्रधान शिक्षक नीरज श्रीवास्तव और नितेश प्रताप सिंह सुबह 10:30 बजे तक स्कूल नहीं पहुंचे थे। जांच में पता चला कि हेड शिक्षक अक्सर गायब रहते हैं। उनकी उपस्थिति शिक्षामित्र बनाते हैं। स्कूल में गंदगी और मेज पर धूल जमी थी। कार्य पुस्तिकाएं पूरी नहीं मिलीं। कक्षा छह के छात्र गुड आफ्टरनून बोल तो रहे थे लेकिन ब्लैक बोर्ड पर नहीं लिख पाए। स्कूल में अनियमितताओं पर बीएसए ने प्रधान शिक्षक को निलंबित कर दिया है। अन्य शिक्षकों और शिक्षामित्र को प्रतिकूल प्रविष्टि जारी की है। बीएसए ने बताया कि शिक्षा की गुणवत्ता निम्न मिली है। शिक्षामित्र के हस्ताक्षर करने की बात सामने आने के बाद उसकी भी जांच कराई जा रही है।