फतेहपुर चौरासी में नष्ट हुई फसलों का आकलन करते सर्वेयर। संवाद
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उन्नाव। पिछले सप्ताह ओलावृष्टि व तेज बारिश से सबसे ज्यादा नुकसान फतेहपुर चौरासी ब्लाक के किसानों को उठाना पड़ा है। बांगरमऊ, सफीपुर और गंजमुरादाबाद ब्लाक के किसानों की भी फसलें बर्बाद हुई हैं। अभी तक पांच हजार बीघा फसलें खराब होने की पुष्टि हुई है। आलू और सरसों को ज्यादा नुकसान पहुंचा है। तहसील प्रशासन व बीमा कंपनी ने सर्वे के बाद किसानों को मुआवजा देने की तैयारी शुरू कर दी है।
आठ जनवरी की रात हुई ओलावृष्टि से फतेहपुर चौरासी के सैकड़ों किसानों की आलू, सरसों, गेहूं, टमाटर व गोभी की फसलें नष्ट हुई थीं। तहसील व बीमा कंपनी द्वारा किए गए सर्वे में प्रारंभिक स्तर पर अकेले फतेहपुर चौरासी के सूसूमऊ, सरहा सकतपुर, लवानी, तालिबपुर रहली, तमरिया कला, तमरिया खुर्द, बूचागाड़ा, ख्वाजगीपुर पहलवान, हयासपुर, जमरुद्दीपुर आदि गांवों में फसलों के नष्ट होने की पुष्टि हुई है। बांगरमऊ के मुस्तफाबाद, शादीपुर में भी किसानों को नुकसान उठाना पड़ा है।
जिला कृषि अधिकारी कुलदीप मिश्रा ने बताया कि बीमा कंपनी के पास कुल 149 फसल नुकसान की शिकायतें पहुंची हैं। इसमें 55 ऑफ लाइन व 94 ऑन लाइन शिकायतें शामिल हैं। 45 किसानों की शिकायतों पर सर्वे करा लिया गया है। 104 शिकायतें अभी लंबित हैं। प्रभावित किसानों को जल्द ही मुआवजा भी दिलाया जाएगा। वहीं तहसील प्रशासन प्राकृतिक आपदा से प्रभावित किसानों का अलग सर्वे करा रहा है।