ठंड से बचाव के लिए आग तापते लोग।
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उन्नाव। कड़ाके की ठंड से जनजीवन अस्त-व्यस्त होने लगा है। बुधवार को न्यूनतम तापमान गिरकर 3.8 डिग्री पर पहुंच गया। कड़ाके की ठंड में गर्म कपड़े भी बेअसर साबित हो रहे हैं। अलाव जलाकर लोग ठंड से बचाव का प्रयास रहे हैँ।
मंगलवार रात 10 बजे से ही कोहरा गिरना शुरू हो गया था। रात 12 बजे के आसपास कोहरे के चलते दृश्यता शून्य हो गई थी। एक हाथ की दूरी पर खड़े वाहन तक दिखने बंद हो गए। कोहरे का असर बुधवार सुबह 10 बजे तक रहा। इस दौरान सूर्यदेव के दर्शन नहीं हुए। दोपहर करीब एक बजे के आसपास धूप निकली लेकिन 2.5 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चली हवाओं से ठंड का असर कम नहीं हुआ। उपकृषि निदेशक डॉ. नंदकिशोर ने बताया कि बुधवार को फिर से न्यूनतम तापमान 3.8 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया।
अधिकतम तापमान भी गिरकर 17 पर पहुंच गया। बताया कि इस सप्ताह अभी कोहरे का कहर कम नहीं होगा। शीत लहर की संभावना बन रही है। हवाएं भी तेज गति से चलेंगी। गंजमुरादाबाद प्रतिनिधि के अनुसार, ठंड से दुकानों और चौराहों पर सन्नाटा छाया रहा। दिहाड़ी मजदूरों के सामने रोजी रोटी का संकट खड़ा हो गया। लोग पूरा दिन अलाव के पास बैठकर समय गुजार रहे हैं। भीषण सर्दी से पशु पक्षी भी बेहाल हो गए हैं। पाले से पेड़ पौधे भी झुलस रहे हैं। खेतों में फसलों की निगरानी करने वाले किसानों की हालत ठंड से खराब है।
पारा 4 डिग्री पहुंचने पर कपकंपाए लोग।- फोटो : UNNAO