बीटीसी प्रशिक्षण वर्ष 2013 के प्रशिक्षित अभ्यर्थियों को बीएसए कार्यालय से रिक्तियों की सही संख्या न दिए जाने पर अभ्यर्थी सदर विधायक के साथ बीएसए से मिले। बीएसए ने सदर विधायक से सीटों की संख्या रिक्त न होने की जानकारी दी। इस पर उन्होंने विशेष सचिव से फोन पर वार्ता की और 21 अक्टूबर को अभ्यर्थियों के साथ मिलने का समय लिया।
विधायक ने विशेष सचिव बेसिक शिक्षा से बात की
सदर विधायक पंकज गुप्ता के कार्यालय पहुंचे अभ्यर्थियों ने रिक्त पदों की समस्या बताई। मामले को गंभीरता से लेते हुए वह बच्चों के साथ बीएसए दीवानचंद्र यादव से मिलने पहुंचे। यहां बीएसए ने जिले में रिक्त पदों की संख्या शून्य होने की जानकारी दी। इस पर उन्होंने सीधे विशेष सचिव बेसिक शिक्षा से फोन पर वार्ता की और जिले में रिक्त पदों की संख्या दिलाए जाने के लिए कहा। इस पर विशेष सचिव ने आश्वासन दिया कि कुछ न कुछ हल अवश्य निकाला जाएगा। अभ्यर्थियों के भविष्य को देखते हुए सदर विधायक ने शुक्रवार को उनके साथ चलकर विशेष सचिव से वार्ता करने की बात कही।
सहायक टीचरों के अभी भी कई पद रिक्त हैं
अभ्यर्थियों का कहना है कि वह काफी समय से सहायक टीचरों की तीस हजार पदों पर भर्ती की मांग शासन से कर रहे हैं। अभ्यर्थियों का कहना है कि पिछले पांच सालाें में सेवानिवृत्त बेसिक टीचरों के अनुसार वर्तमान में परिषदीय प्राथमिक स्कूलों में सहायक टीचरों के अभी भी काफी पद रिक्त हैं। इन पदों पर भर्ती के लिए शासन भी सकारात्मक रवैया अपना रहा है। अक्तूबर के अंत में शासन नई भर्ती का प्रस्ताव लाने की तैयारी भी करने लगा है। अभ्यर्थी कपिल के मुताबिक बीएसए कार्यालय में बताया गया कि यहां पहले से ही 276 अतिरिक्त टीचर हैं। ऐसे में जिले में डेटा शून्य दिखाएगा और डेटा शून्य हुआ तो नियुक्ति होने में दिक्कतें आएंगी।