भूख से बेहाल होकर बिलख रही तीन साल की मासूम बेटी ने रोटी मांगी तो नशेबाज बाप ने गुस्से में उसका गला घोट दिया। घर में मौजूद बड़ी बेटी ने शोर मचाया तो परिजनों और ग्रामीणों को घटना की जानकारी हुई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम कराया और हत्यारोपी बाप को गिरफ्तार कर लिया।
सदर कोतवाली क्षेत्र के भतावां गांव निवासी विजय पुत्र चंदन की 2003 में कोतवाली क्षेत्र के ही लोधनहार निवासी काशी की बेटी रोशनी से शादी हुई थी। नशे का लती विजय अक्सर पत्नी और बच्चों के साथ मारपीट करता था। करीब पंद्रह दिन पहले जेठ-जेठानी से हुए झगड़े के बाद पत्नी रोशनी अपने चार माह के दुधमुंहे बच्चे को लेकर मायके चली गई थी।
उसकी दो बेटियां नेहा (5) और छोटी बेटी सुनेहा (3) घर पर ही थीं। सुबह भूख से परेशान सुनेहा ने शराब के नशे में घर पहुंचे पिता विजय से खाने के लिये रोटी मांगी। वह रोने लगी तो गुस्से में विजय ने उसका गला दबा दिया। बेटी को मौत के घाट उतारने के बाद आरोपी भाग निकला। घर में मौजूद बेटी रोशनी यह देखकर सहम गई।
वह किसी तरह बाहर निकली और अपने चाचा रमाकांत को घटना की जानकारी दी। इसके बाद पूरे गांव में खबर फैल गई। परिजनों की सूचना पर दोस्तीनगर पुलिस चौकी इंचार्ज दयाशंकर पांडेय पहुंचे और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पलिस ने आरोपी को भी गिरफ्तार कर लिया। हत्यारोपी के भाई रमाकांत की तहरीर पर पुलिस ने विजय के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया है। कोतवाली प्रभारी प्रदीप यादव ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर घटना की तफ्तीश की जा रही है।
अपने पति के हाथों बेटी का गलाघोटकर हत्या किए जाने की सूचना पर अपने चार साल के बच्चे को गोद में लिए पोस्टमार्टम हाउस पहुंची रोशनी बेटी के शव से लिपट कर रोने लगी। उसके मुताबिक उसे विश्वास नहीं होता कि उसके पति ने ही बेटी की हत्या कर दी लेकिन शराब के नशे में वह ऐसा कर भी सकता है।