उन्नाव। जिले में बढ़ते प्रदूषण के बीच राहत देने वाली खबर आई है। वन विभाग सिकंदरपुर करन ब्लाक के गंगा किनारे के गांव कटरी अलवापुर सिर्स में इको फ्रेंडली बायोडायवर्सिटी पार्क का निर्माण कराने जा रहा है। पांच हेक्टेअर क्षेत्रफल में बनने वाले इस पार्क में पर्यावरण को शुद्ध करने वाले पौधे लगाए जाएंगे। साथ ही तालाब आदि खुदवाकर प्राकृतिक वातावरण का भव्य रुप दिया जाएगा। इसके लिए वन विभाग ने प्रस्ताव बनाकर भेजा है।
वर्तमान समय में देश की राजधानी दिल्ली के साथ कई राज्य बढ़ते प्रदूषण की समस्या से जूझ रहे हैं। पर्यावरण को शुद्ध बनाने के लिए ही अब नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनक नई दिल्ली ने उत्तर प्रदेश राज्य जैव विविधता बोर्ड को प्रदेश के प्रत्येक गंगा किनारे गांव में सीमा से 10 किलोमीटर के अंदर पांच हेक्टेअर या इससे अधिक क्षेत्रफल में बायोडायवर्सिटी पार्क बनाने के निर्देश दिए हैं। इसी आदेश के क्रम में जिले के सिकंदरपुर करन के कटरी अलवापुर सिर्स को पार्क स्थापना के लिए चिह्नित किया गया है। कटरी अलवापुर सिर्स जिला मुख्यालय से 30 किलोमीटर तथा हाईवे से 8 किमी की दूरी पर स्थित है। वन विभाग ने वर्ष 2019-20 से 2023-24 तक के लिए 11 करोड़ की लागत से तैयार होने वाले प्रोजेक्ट का प्रस्ताव मंजूरी के लिए उत्तर प्रदेश राज्य जैव विविधता बोर्ड को भेज दिया है।
पर्यावरण को शुद्ध करने वाले लगेंगे पौधे
पार्क में ऐसे पौधे लगवाए जाएंगे जो पर्यावरण को शुद्ध करेंगे। तालाब आदि का निर्माण भी कराया जाएगा। पार्क में जंगल भी तैयार कराया जाएगा। जिससे यहां आने वाले लोगों को प्राकृतिक वातावरण का अहसास हो सकेगा। बताया कि यह प्राकृतिक पार्क गंगा के किनारे विभिन्न जैव विविधता को संरक्षित एवं संवर्धन करने के साथ ही जिले के लोगोें को वनस्पति वन्यजीवों के प्रति जागरुकता पैदा करेगा। पेड़-पौधों से आक्सीजन मिलेगी।
पार्क निर्माण के लिए 11 करोड़ का भेजा गया है प्रस्ताव
ईको फ्रेंडली पार्क निर्माण के लिए 11 करोड़ का प्रस्ताव बनाकर जैव विविधता बोर्ड को भेजा गया है। वहां से पैसा जारी होने के बाद निर्माण कार्य शुरु करा दिया जाएगा। पांच साल में पार्क बनकर तैयार हो जाएगा।
अनिरुद्ध पांडेय, प्रभारी जिला वन अधिकारी उन्नाव