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टोल शुल्क को लेकर सेना के अधिकारी व मैनेजर में मारपीट

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नवाबंगज (उन्नाव)। लखनऊ-कानपुर हाईवे पर अजगैन थाना क्षेत्र में पड़ने वाले टोल प्लाजा पर मारपीट और विवाद का क्रम रुकने का नाम नहीं ले रहा है। शुक्रवार सुबह आईडी दिखाने के बाद भी गाड़ी न निकालने पर सेना के अधिकारी और टोल मैनेजर के बीच विवाद हो गया। फिर यह मारपीट में बदल गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने दोनों पक्षों को शांत करा टोल के सीसीटीवी फुटेज चेक किए। लखनऊ से लौटे सेना के कैप्टन ने एसपी से मिलकर टोल कर्मियों पर कार्रवाई के लिए तहरीर दी है। एसपी ने बताया कि तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज करने के निर्देश दिए गए हैं।
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देहरादून में आर्मी में तैनात कैप्टन हिमांशु दुबे अपने माता-पिता व चाचा के साथ कार से लखनऊ जा रहे थे। टोल क्रॉस करने के लिए कैप्टन ने अपने परिचय पत्र को कैश काउंटर में दिखाया। टोल कर्मियों ने सेना के कार्ड को मानने से इंकार कर दिया। जिससे आहत होकर कैप्टन टोल मैनेजर सर्वेश शर्मा से मिले। यहां पर कैप्टन ने टोल मैनेजर को अपना परिचय दिया। कैप्टन का आरोप है कि मैनेजर ने बगैर कुर्सी से खड़े हुए बात की। इससे मैनेजर और कैप्टन के बीच कहासुनी शुरू हो गई। कुछ ही देर में मामला मारपीट तक पहुंच गया। मामले की जानकारी होते ही अजगैन कोतवाल अरविंद सिंह मौके पर पहुंचे। जिसके बाद कोतवाल ने सभी को शांत कराया और टोल के सीसीटीवी फुटेज चेक किए। कोतवाल ने पूछताछ के लिए दो टोल कर्मियों को हिरासत में ले लिया। वहीं, लखनऊ से देर शाम लौटे कैप्टन ने एसपी विक्रांवीर से मुलाकात कर टोल मैनेजर और कर्मियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग कर तहरीर दी। एसपी विक्रांतवीर ने बताया कि कैप्टन की ओर से तहरीर मिली है। अजगैन कोतवाल अरविंद सिंह को रिपोर्ट दर्ज कर कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
हाल ही में सरकार ने देश के सभी टोलप्लाजा में सेना के वाहनों को टोल बैरियर से निकलते समय टोलकर्मियों द्वारा सैल्यूट करने के निर्देश दिए हैं। इसके विपरीत नवाबगंज टोलप्लाजा पर सेना के अधिकारी से आईकार्ड दिखाने के बाद भी टोल कर्मियों द्वारा अभद्रता की गई।
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टोल मैनेजर सर्वेश शर्मा ने बताया कि एनएचएआई की नियमावली में सेना के सरकारी वाहन को छूट प्रदान की गई है। जबकि रिटायर्ड व व्यक्तिगत वाहन से जाने पर सेना से जुड़े लोगों के वाहनों को छूट में शामिल नहीं किया गया है। शुक्रवार को खुद को सेना में कैप्टन बताने वाले अपने परिवार के साथ प्राइवेट वाहन में थे। जिन्हे छूट में शामिल नहीं किया गया। इसी पर विवाद के दौरान धक्कामुक्की हुई।
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