सोनिक। 10 दिन पहले महिला के साथ हुई टप्पेबाजी की घटना का पुलिस ने खुलासा किया। शामली के युवक ने पुलिस कर्मी बनकर साथी की मदद से महिला के झाले और जंजीर पार कर की थी। पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया है, जबकि साथी फरार है। आरोपी के पास से महिला की चेन व झाले बरामद हुए हैं। बाराबंकी में भी टप्पेबाजी की घटना की थी। आरोपी के पास से महिला की एक चेन और मिली है।
छह नवंबर को दही थानाक्षेत्र के आवास विकास मोहल्ला निवासी कुसमा शुक्ला को दो टप्पेबाजों ने रोककर झांसे में लिया था और उनके झाले और जंजीर पार कर दी थी। पीड़िता की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर थाना पुलिस के साथ एसओजी को घटना के खुलासे के लिए लगाया गया था। घटना का खुलासा करते हुए एएसपी उत्तरी अखिलेश सिंह और सीओ सिटी सोनम सिंह ने बताया कि शुक्रवार शाम पुलिस को पता चला कि दो संदिग्ध युवक अपाचे बाइक से पुरवा से उन्नाव की ओर आ रहे हैं।
दही थानाध्यक्ष संजीव कुशवाहा टीम के साथ सक्रिय हुए और पुरवा रोड स्थित निर्माणाधीन गंगा एक्सप्रेसवे के पास बाइक सवार एक युवक को गिरफ्तार किया। दूसरा साथी भाग निकला। पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम आजम मलिक निवासी शामली थाना कैराना, मोहल्ला दरवार खुर्द बताया। आरोपी ने टप्पेबाजी की घटना स्वीकार की।
लखनऊ के पीजीआई निवासी दूसरा साथी अली मिर्जा भाग निकला। पुलिस ने बाइक का चालान किया है। पकड़े गए आरोपी पर लखनऊ, बनारस और बाराबंकी में टप्पेबाजी के 13 मामले दर्ज हैं। गिरफ्तार करने वाली टीम में एसओजी प्रभारी जयप्रकाश यादव, सर्विलांस प्रभारी मुन्ना कुमार की टीम शामिल है।
शामली में बेचता था चाय,, वहां नहीं दर्ज एक भी रिपोर्ट
पुलिस के हत्थे चढ़ा टप्पेबाज आजम मलिक लोगों की नजरों में शरीफ बनने के लिए शामली जिले में तहसील के पास चाय की दुकान चलाता था। बीच-बीच में दुकान बंद कर वह साथी के साथ दूसरे जिलों में जाकर टप्पेबाजी की घटना को अंजाम देता था। इससे वहां के लोगों को शक भी नहीं होता था। सबसे खास बात यह है कि आरोपी पर शामली के किसी भी थाने में कोई मुकदमा नहीं है। आवास विकास में महिला के साथ घटना करने से पूर्व पांच नवंबर को उसने बाराबंकी में टप्पेबाजी की घटना की थी। वहां भी पुलिस कर्मी बनकर जाम लगने की बात कही थी और महिला की चेन पार कर दी थी।