कुड़वार (सुल्तानपुर)। थाना क्षेत्र के कोटवा गांव से रविवार को सुबह अपने एक रिश्तेदार के इंतकाल में शरीक होने गईं एक परिवार की महिलाएं स्वयं मौत का शिकार हो गईं। घटना की सूचना कोटवा पहुंचने पर पूरा परिवार गमजदा है। उन्हें क्या पता था कि इंतकाल में जाने के बाद उनका शरीर इंतकाल के लिए ही लौटेगा।
कोटवा गांव निवासी जाबिर की पत्नी शाहनूर (30), उसकी ननद शबनम (37) पत्नी दिलशाद, नुसरत जहां (38) पत्नी अफसर, शाहनूर (30) पत्नी अकबर, सोनी (30) पत्नी इरशाद अली, अकबर (40), शकलैन (10) पुत्र दिलशाद, अयान (11) पुत्र दिलशाद, अरमान (10) पुत्र रफीक के साथ सुबह जीप से अमेठी के लिए निकली थीं। सभी लोग अमेठी जिले के मुंशीगंज थाना क्षेत्र के धरई माफी के एक रिश्तेदार के इंतकाल में शरीक होने जा रहे थे। रास्ते में जामो-भादर चौराहे पर उनकी जीप बाइक से टकरा गई। बाइक से टकराने के बाद उनकी जीप पेड़ से टकरा गई।
दुर्घटना में बाइक सवार दुर्गेश उपाध्याय निवासी अयोध्यानगर भावापुर थाना पीपरपुर जिला अमेठी व उसकी बहन वंदना की मौके पर ही मौत हो गई। इन लोगों के साथ ही जीप पर सवार जाबिर की पत्नी शाहनूर व उसकी ननद शबनम की भी मौके पर मौत हो गई, जबकि दुर्गेश का भांजा चार वर्षीय रुद्र समेत अन्य लोग घायल हो गए। घायलों को मेडिकल कॉलेज ले जाया गया, जहां रुद्र की मौत हो गई। घटना में जीप पर सवार सात घायलों में नुसरत जहां, सोनी, सकलैन, मोहम्मद अयान व शाहनूर को ट्राॅमा सेंटर लखनऊ रेफर कर दिया गया, जबकि एक का इलाज मेडिकल कॉलेज सुल्तानपुर में चल रहा है।
एक को इलाज के बाद छुट्टी दे दी गई। दुर्घटना में एक ही परिवार की दो महिलाओं की मौत व अन्य के घायल होने की जानकारी मिलते ही कोटवा गांव में मातम छा गया है। देर शाम मृतकों के शव गांव पहुंचे। शव पहुंचने के बाद मृतकों के घर पर चीख-पुकार मच गई। गांव के प्रधान प्रतिनिधि इरफान ने बताया कि महिलाओं के शवों को सोमवार दोपहर गांव स्थित कब्रिस्तान में सुपुर्द-ए-खाक किया जाएगा।
हादसे में बच्चों के सिर से उठा मां का साया
मृतका शाहनूर की दो संताने हैं। बड़ा पुत्र कामरान (8) व छोटी पुत्री जोहरा है। उसकी ननद शबनम की पांच संताने हैं। बड़ी पुत्री सराना बानो (16), पुत्र मो. अयान (11), शकलैन (10), अबू (06) व असद (04) हैं। हादसे में घायल शकलैन व अयान को ट्राॅमा सेंटर रेफर किया गया है।