सुल्तानपुर। दहेज हत्या के मामले में मंगलवार को एडीजे प्रथम इंतेखाब आलम ने आरोपी पति, जेठ व सास को दोषी मानते हुए 10 वर्ष की कैद व 30 हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है। आरोपी ससुर की मुकदमे के दौरान मौत हो गई थी।
कुड़वार क्षेत्र के ग्राम पासिन का पुरवा मौजा कोटिया निवासी शिव कुमार पासी के पुत्र राजू की शादी 2011 में अमेठी के गौरीगंज क्षेत्र के ग्राम पूरे बाबूजी मौजा मऊ निवासी भोलानाथ की पुत्री सुनीता के साथ हुई थी। आरोप है कि दहेज में बाइक व 50 हजार रुपये नगदी की मांग को लेकर ससुरालीजन सुनीता को प्रताड़ित करते थे। यह भी आरोप है कि दहेज की मांग पूरी नहीं होने पर ससुरालीजनों ने 11 जनवरी 2016 को सुनीता को मार डाला। मृतका के पिता भोलानाथ ने बेटी के पति राजू, जेठ संजय, सास सूरसती व ससुर शिव कुमार पासी के खिलाफ दहेज हत्या का केस दर्ज कराया।
एडीजीसी क्रिमिनल पवन कुमार दुबे ने बताया कि मुकदमे के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से 11 गवाह कोर्ट में पेश किए गए हैं। मंगलवार को एडीजे प्रथम इंतेखाब आलम ने आरोपियों पति राजू, जेठ संजय व सास सूरसती को दोषी मानते हुए 10 वर्ष की कैद व 30 हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाकर जेल भेजने का आदेश दिया है। कोर्ट ने जुर्माना की 90 फीसदी मृतका के पिता भोलानाथ को देने का आदेश दिया है। आरोपी ससुर शिव कुमार की मुकदमे के दौरान मौत हो गई थी।