सुल्तानपुर। मेडिकल कॉलेज के कान्फ्रेंस हॉल में बुधवार शाम संगोष्ठी आयोजित हुई। जिसमें पल्मोनरी फंक्शन टेस्ट (पीएफटी) और सांस संबंधी रोगों के बारे में चर्चा की गई।
प्राचार्य डॉ. सलिल श्रीवास्तव ने कहा कि सांस रोगियों के लिए पल्मोनरी फंक्शन जांच जरूरी है। जांच से पता चलता है कि बीमारी किस तरह की है और किस दवा की जरूरत है। सहायक आचार्य फिजियोलॉजी विभाग डॉ. अभिषेक शुक्ला ने बताया कि सांस संबंधी रोगों में अस्थमा, एम्फीसेमा, सीओपीडी, आईएलडी, फाइब्रोसिस के मरीज ज्यादा संख्या में पाए जाते हैं। समय पर इन रोगों की जांच व इलाज कराने से जान बचाई जा सकती है। असिस्टेंट प्रोफेसर पैथोलॉजी डॉ. संजय सिंह ने बताया कि पीएफटी जांच का प्रयोग शोध कार्यों में विशेष महत्व रखती है,और फेफड़ों की कार्यक्षमता की जानकारी देती है। सहायक आचार्य डॉ. अमित उपाध्याय ने भी अपने विचार व्यक्त किए।