जयसिंहपुर के रामपुर गांव के पास दुर्घटनाग्रस्त जीप के पास मौजूद ग्रामीण।
जयसिंहपुर (सुल्तानपुर)। जिले में बुधवार देर रात आई आंधी व बूंदाबांदी के दौरान लखनऊ-बलिया हाईवे पर रामपुर गांव के पास एक जीप पर पाकड़ का विशालकाय पेड़ गिर गया। पेड़ के नीचे दबकर जीप चालक सहित दो लोगों की मौत हो गई। दोनों चांदा के देवाढ़ घाट से बरात से लौट रहे थे। पेड़ को काटकर हटाने के बाद जीप से शवों को बाहर निकाला जा सका।
मोतिगरपुर के रामपुर (भोजापुर) के जितेंद्र वर्मा (42) बुधवार को चांदा देवाढ़ घाट के पास एक वैवाहिक कार्यक्रम में शामिल होने गए थे। उनके साथ जयसिंहपुर के बसायकपुर निवासी ओम प्रकाश वर्मा (45) भी थे। देर रात करीब 12 बजे दोनों जीप से घर लौट रहे थे, जीप जितेंद्र चला रहे थे। उनके बगल सीट पर ओम प्रकाश बैठे थे। रास्ते में अचानक मौसम खराब हुआ और आंधी चलने लगी।
रामपुर गांव के पास सड़क के किनारे स्थित पुराना पाकड़ का विशालकाय पेड़ तेज हवा से जीप पर गिर पड़ा। इससे जितेंद्र व ओम प्रकाश जीप सहित पेड़ के नीचे दब गए। पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से पेड़ काटने के बाद जीप से जितेंद्र व ओम प्रकाश को बाहर निकाला। तब तक दोनों की मौत हो गई थी। इंस्पेक्टर सत्येंद्र कुमार सिंह ने बताया कि पेड़ काटकर रास्ता साफ कराया गया। जीप को सुरक्षित स्थान पर खड़ा किया गया है।
सावधानी से लेते काम, तो बच जाती जान
दुर्घटना स्थल रामपुर से मृतकों के घर की दूरी करीब एक किमी है। जितेंद्र व ओम प्रकाश देवाढ़ घाट से लंबी दूरी तय कर यहां तक पहुंच गए थे। मौसम खराब होने के बाद दोनों किसी सुरक्षित स्थान पर रुक गए होते तो जान बच सकती थी।
दो परिवारों पर टूटा दुखों का पहाड़
रामपुर (भोजापुर) निवासी जितेंद्र वर्मा खेती-किसानी का काम करते थे। उनकी दो संतान हैं। उनकी मौत से पुत्र आदर्श (15), पुत्री खुशी (18) व पत्नी कंचन वर्मा गमजदा हैंं। जितेंद्र बरौंसा बाजार में रहते थे। वहीं, बसायकपुर निवासी ओमप्रकाश की भी बरौंसा बाजार में सिलाई की दुकान हैं। दुकान के पास ही उनका मकान है। घर में उनकी पत्नी शांति देवी के अलावा तीन बेटे व तीन बहुएं हैं। उनकी मौत से घरवालों पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।