. शहर में किराना की दुकान पर रखी चीनी की बोरियां। संवाद
सुल्तानपुर। त्योहारी सीजन शुरू होने से पहले चीनी के बढ़ते दाम ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। पिछले 15 दिनों में चीनी की कीमत में 15 से 20 फीसदी तक उछाल आया है। फुटकर बाजार में चीनी 60 से 62 रुपये प्रति किलो बिक रही है।
करीब 19 जुलाई 2026 को थोक बाजार में चीनी 4,400 रुपये प्रति क्विंटल थी। इसके बाद भाव 4,800 रुपये पहुंचा और अब छह हजार रुपये प्रति क्विंटल से अधिक हो गया है। कारोबारियों के अनुसार मिलों में उत्पादन प्रभावित होने से बाजार में आपूर्ति कम हुई है। बड़े व्यापारियों द्वारा चीनी का भंडारण किए जाने की चर्चा है। रक्षाबंधन सहित अन्य त्योहार नजदीक होने से चीनी की मांग बढ़ने की संभावना है। चीनी महंगी होने का सीधा असर मिठाइयों की कीमत पर पड़ सकता है।
गन्ने का भी एथेनॉल में हो रहा प्रयोग थोक चीनी विक्रेता महेश मोदनवाल ने बताया कि पेट्रोल में एथेनॉल मिलाने से चीनी की मांग बढ़ी है। एथेनॉल के उत्पादन में चीनी और अन्य पदार्थों का इस्तेमाल होता है। चीनी बनाने में उपयोग होने वाले गन्ने का भी एथेनॉल उत्पादन में प्रयोग हो रहा है। इस कारण चीनी मिलों में लागत और कीमत दोनों बढ़ रही हैं।
चीनी मिलों से महंगी मिलने पर बढ़े दाम
भारतीय उद्योग व्यापार मंडल के प्रदेश महामंत्री रवींद्र त्रिपाठी ने दाम बढ़ने का कारण बताया। उन्होंने कहा कि चीनी मिलों से व्यापारियों को महंगी चीनी मिल रही है। त्रिपाठी ने स्टॉक जमा करने से कीमत बढ़ने की बात को निराधार बताया। उन्होंने यह भी कहा कि जल्द दाम घट सकते हैं। उपभोक्ताओं को जरूरत के अनुसार ही चीनी खरीदने की सलाह दी गई है।