सुल्तानपुर। जगन्नाथपुरी व गंगासागर की यात्रा के लिए आईआरसीटीसी की ओर से अप्रैल महीने में गंगासागर दर्शन यात्रा स्पेशल ट्रेन का संचालन किया जाएगा। जिले के रेलवे स्टेशन पर ट्रेन का स्टापेज लोगों को भी यात्रा करने की सुविधा मिलेगी। ट्रेन का संचालन एक अप्रैल को जालंधर रेलवे स्टेशन से किया जाएगा। ट्रेन सुल्तानपुर रेलवे स्टेशन पर दो अप्रैल की दोपहर पहुंचेगी।
अप्रैल महीने में श्रद्धालुओं की सुविधा को देेखते हुए आईआरसीटीसी (इंडियन रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कॉरपोरेशन लिमिटेड) की ओर से जगन्नाथपुरी-गंगासागर दर्शन यात्रा ट्रेन का संचालन किया जाएगा। एक अप्रैल की सुबह ट्रेन जालंधर सिटी रेलवे स्टेशन से रवाना होगी।
रास्ते में लुधियाना, चंडीगढ़, दिल्ली कैंट, जयपुर, आगरा, इटावा, कानपुर, लखनऊ से होते हुए दो अप्रैल की दोपहर ट्रेन सुल्तानपुर रेलवे स्टेशन पर पहुंचेगी। यहां से वाराणसी के रास्ते से झारखंड के जसीडीह रेलवे स्टेशन तीन अप्रैल की सुबह पहुंचेगी।
देवघर जनपद के वैद्यनाथ मंदिर का दर्शन श्रद्धालुओं को कराया जाएगा। वहां से ट्रेन कोलकाता के लिए रवाना होगी। चार अप्रैल को हावड़ा के शालीमार रेलवे स्टेशन पर ट्रेन का स्टापेज होगा। वहां से श्रद्धालुओं को गंगासागर ले जाया जाएगा।
गंगासागर की यात्रा पूरी होने के बाद ट्रेन जगन्नाथ पुरी के लिए रवाना होगी। छह अप्रैल को यह ट्रेन उड़ीसा के पुरी रेलवे स्टेशन पर पहुंचेगी। वहां श्रद्धालुओं को जगन्नाथ मंदिर, कोणार्क मंदिर का दर्शन कराया जाएगा। इसके बाद ट्रेन पुरी रेलवे स्टेशन से सात अप्रैल की शाम को गया के लिए रवाना होगी।
आठ अप्रैल की सुबह को यह ट्रेन बिहार राज्य के गया रेलवे स्टेशन पर पहुंचेगी। गया में श्रद्धालुओं के स्थानीय मंदिरों का दर्शन करने के बाद ट्रेन रात में वाराणसी के लिए रवाना होगी। नौ अप्रैल की सुबह वाराणसी से होते हुए ट्रेन सुल्तानपुर रेलवे स्टेशन पर पहुंचेगी।
आईआरसीटीसी के लखनऊ क्षेत्र के पर्यटन प्रबंधक आनंद सरोज पांडेय ने बताया कि प्रति यात्री का पैकेज 15,750 रुपये निर्धारित किया गया है। इस पैकेज में नाश्ता, भोजन, स्थानीय बसों से यात्रा व होटलों में ठहरने की व्यवस्था भी शामिल है। ट्रेन में रिजर्वेशन कराने के लिए आईआरसीटीसी के वेबसाइट पर ऑनलाइन बुकिंग कराई जा सकती है। ट्रेन का संचालन होने से जिलेवासियों को भी सफर करने की सुविधा मिलेगी।