चांदा (सुल्तानपुर)। विकास खंड कार्यालय प्रतापपुर कमैचा पर शुक्रवार को दफ्तर में बैठी महिला सेक्रेटरी को बंधक बनाकर ग्राम प्रधान गलहिता व पूर्व प्रधान ने तीन लाख रुपये का फर्जी भुगतान करने का दबाव बनाया। इंकार करने पर असलहा सटाकर जान से मारने की धमकी दी। पुलिस ने पीड़िता की तहरीर पर दोनों आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया है।
लंभुआ क्षेत्र के राजापट्टी (बेलाही) गांव निवासी नीरज सिंह पुत्री देव सिंह ग्राम पंचायत अधिकारी हैं। प्रतापपुर कमैचा में स्थित विकास खंड कार्यालय में तैनात नीरज शुक्रवार की शाम बैठकर काम निपटा रही थी। गलहिता गांव के प्रधान हरिश्चंद्र और पूर्व प्रधान अरविंद सिंह दफ्तर में पहुंचे और दरवाजे को अंदर से बंद कर दिया।
आरोप है कि दोनों लोग हैंडपंप मरम्मत के नाम पर एक लाख और फर्जी रिबोर के नाम पर भुगतान करने का दबाव बनाने लगे। नीरज सिंह ने इसका विरोध किया तो असलहा निकालकर उन्हें मारने की धमकी दी गई और अभद्रता दी। नीरज सिंह के शोर मचाने पर कार्यालय में दूसरे कक्ष में मौजूद एडीओ पंचायत ओंकार नाथ मिश्र व ग्राम पंचायत अधिकारी अशोक कुमारी भी पहुंच गई।
दोनों अधिकारियों ने ग्राम प्रधान व पूर्व प्रधान को पुलिस बुलाने की चेतावनी दी तो दरवाजा खोला गया। इसके बाद दोनों आरोपी असलहा लहराते हुए फरार हो गए। पुलिस ने नीरज सिंह की तहरीर पर दोनों आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया है।