लंभुआ क्षेत्र के चांदा रजबाहा में आया पानी। संवाद
लंभुआ। सूखी नहरों और तालाबों को लेकर 29 अप्रैल को अमर उजाला में ‘सूखी नहरें, फसलों पर मंडराया संकट’ शीर्षक से प्रकाशित खबर के बाद सोमवार की भोर चांदा रजबाहा में पानी छोड़ दिया गया। नहर में पानी आने से किसानों ने राहत की सांस ली है।
तहसील क्षेत्र में करीब 100 से अधिक गांवों के खेतों तक चांदा रजबाहा से पानी पहुंचता है। रजबाहा से जुड़े माइनर भी खेतों तक पानी पहुंचाते हैं। करीब 45 दिन से यह रजबाहा सूखा था। गांव में पशु-पक्षियों के लिए पानी से भरे तालाब सहारा हुआ करते थे।
नहरों के सूखी होने की वजह से तालाब में भी पानी नहीं पहुंच पा रहा था। इसके अलावा किसानों की सैकड़ों बीघा उड़द, मक्का, पशुचारा व सब्जी की खेती प्रभावित हो रही थी। पठखौली निवासी आदित्य पाठक ने बताया कि सोमवार सुबह नहर में पानी छोड़ा गया। अब फसलों की सिंचाई के साथ ही तालाब भी भरे जा सकेंगे।
सूखे तालाबों को भी जल्द भरवाया जाएगा
सिंचाई खंड के एक्सईएन नवीन सिंह ने बताया कि सोमवार को सुबह नहर में पानी छोड़ा गया। नहर के आसपास सूखे तालाबों को भी जल्द भरवाया जाएगा।