शहर के शाहगंज चौराहे पर शुक्रवार सुबह अलाव के पास खड़े मजदूर। संवाद
सुल्तानपुर। मौसम में बदलाव से ठंड का असर और तेज हो गया है। बृहस्पतिवार शाम ढलते ही कोहरे में बारिश की तरह ओस की बूंदें गिरने लगीं। वातावरण में नमी और ठंड बढ़ गई। शुक्रवार सुबह 10 बजे तक कोहरा रहा। धूप निकलने के बाद भी ठंडी हवा ने लोगों को पूरे दिन ठिठुरने पर मजबूर कर दिया।
ठंडी हवा और ओस के प्रभाव से तापमान में करीब 0.5 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई। शुक्रवार को जिले का न्यूनतम तापमान 5.0 डिग्री सेल्सियस, जबकि अधिकतम तापमान 16.5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। एक दिन पहले बृहस्पतिवार को अधिकतम तापमान 16.0 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था, बदले मौसम ने ठंड का असर बढ़ा दिया।
धूप निकलने पर दोपहर बाद शहर के पर्यावरण पार्क में चहल-पहल दिखी। बाजारों में लोगों ने अलाव का सहारा लिया। शाम होते ही कोहरा पड़ना शुरू हो गया।
आचार्य नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय कुमारगंज अयोध्या के मौसम पर्यवेक्षक डॉ. अमरनाथ मिश्र ने बताया कि शीतलहर के प्रकोप से अभी निजात मिलने की संभावना नहीं है।
फसल में लगने वाले रोगों से बचाव के बताए उपाय : सुल्तानपुर। तापमान में उतार-चढ़ाव का असर फसलों पर पड़ रहा है। जिला कृषि अधिकारी सदानंद चौधरी ने बताया कि गेहूं की देर से बोई गई फसल की पहली सिंचाई 21-25 दिन में करें। गेहूं की फसल में गेहुंसा, गुल्ली-डंडा व जंगली जई खरपतवार प्रबंधन के लिए क्लोडिनोफॉप 15 डब्लूपी की 160 ग्राम मात्रा प्रति एकड की दर से 100-120 लीटर पानी में मिलाकर छिड़काव करें।