मकान में लगी आग, महिला जिंदा जली
सुल्तानपुर। बल्दीराय क्षेत्र के बहुरावां गांव में शुक्रवार भोर में एक मकान में आग लग गई। आग फैलते ही बरामदे में सो रहे लोग शोर मचाते हुए बाहर निकल गए, जबकि एक महिला कमरे में फंस गई। ग्रामीणों ने इसकी सूचना फायर कर्मियों को दी। सूचना के बाद पहुंचे फायर कर्मियों ने मकान की दीवार तोड़कर आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक महिला की जलकर मौत हो चुकी थी। आग से करीब पांच लाख रुपये की संपत्ति का नुकसान हुआ है। अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। आग लगने का कारण बिजली का शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है।
बहुरावां गांव निवासी त्रिभुवन गुप्ता की बेटी सरोज (28) बृहस्पतिवार रात मकान के कमरे में लेटी थी। सरोज की सात वर्षीया बेटी ज्योति अपने नाना त्रिभुवन और नानी कृष्णा के साथ मकान के बरामदे में सो रही थी। शुक्रवार भोर में अचानक सरोज के कमरे में आग लग गई। आग की लपटें उठने पर त्रिभुवन नींद से जागे और ज्योति व कृष्णा को जगाकर बाहर निकल गए, जबकि कमरे में सरोज फंस गई। चीख-पुकार के बाद गांव के लोग भी भाग कर मौके पर पहुंच गए और आग बुझाने में जुट गए।
आग इतनी तेजी से फैली की किसी को कुछ समझ में नहीं आया। लोगों ने इसकी सूचना फायर कर्मियों को दी। सूचना मिलते ही फायर कर्मी गांव पहुंच गए। आग की विभीषिका देखकर फायर कर्मी भी परेशान हो गए। उन्होंने सरोज के कमरे की बाहरी दीवार तोड़कर आग बुझाने की कोशिश शुरू की। करीब ढाई घंटे की मेहनत के बाद आग पर काबू पाया गया, लेकिन तब तक सरोज की जलकर मौत हो चुकी थी। आग से कमरे में रखे कीमती सामान, सरोज के जेवरात, नकदी और अन्य सामान नष्ट हो गया। सूचना पर पहुंचे अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया।
दो वर्ष से मायके में रह रही थी सरोज
बहुरावां निवासी त्रिभुवन गुप्ता ने अपनी बेटी सरोज की शादी अमेठी जिले के जायस क्षेत्र के पकड़ी गांव निवासी रामू गुप्ता के साथ की थी। रामू गुप्ता विदेश में नौकरी करता है। सरोज अपनी बेटी ज्योति के साथ पिता के घर पर ही दो वर्ष से रह रही थी। परिवारीजनों ने बताया कि रामू इसी सप्ताह विदेश से घर आने वाला था। रामू ने सरोज को फोन करके घर आने की सूचना दी थी। सरोज अपने ससुराल जाने के लिए पूरी तैयारी कर चुकी थी, लेकिन किसी को क्या पता था पति का वह मुंह भी नहीं देख सकेगी।