सुल्तानपुर। पॉक्सो एक्ट के मामले में लचर विवेचना करने पर स्पेशल जज पॉक्सो एक्ट पवन कुमार शर्मा ने विवेचक दरोगा के खिलाफ कोर्ट में उत्तर प्रदेश पुलिस एक्ट के तहत मुकदमा (फौजदारी प्रकीर्ण वाद) दर्ज कराया है। कोर्ट ने विवेचक दरोगा के खिलाफ समन जारी करने का आदेश देते हुए अगली सुनवाई के लिए 25 मई की तिथि नियत की है।
कुड़वार क्षेत्र के एक गांव की किशोरी का गांव के रामकुमार ने अन्य आरोपियों के साथ मिलकर अपहरण कर लिया था। पुलिस ने रामकुमार समेत तीन आरोपियों के खिलाफ अपहरण व पॉक्सो एक्ट के तहत केस दर्ज किया। पुलिस का कहना है कि गत 23 अप्रैल को अपहृत किशोरी ने स्वयं आरोपी रामकुमार के साथ थाने पहुंचकर पुलिस को बयान दिया कि वह अपनी मर्जी से गई थी। उसने मंदिर में शादी भी कर ली है। मामले की विवेचना कर रहे कुड़वार थाने के दरोगा चुन्नूलाल ने किशोरी को बिना न्यायालय के आदेश के ही आरोपी के पिता के सुपुर्द कर दिया था। कोर्ट ने दरोगा को तलब कर जवाब मांगा था।
दरोगा ने कोर्ट में दिए गए जबाव में कहा था कि अपहृत किशोरी मेडिकल में बालिग है और उसने स्वयं अपने माता-पिता के घर जाने के बजाय आरोपी के पिता के घर जाने की बात कही है। मामले की सुनवाई कर रहे स्पेशल जज पॉक्सो एक्ट पवन कुमार शर्मा ने विवेचक दरोगा के जवाब को खारिज करते हुए उसके खिलाफ कोर्ट में उत्तर प्रदेश पुलिस एक्ट के तहत मुकदमा (फौजदारी प्रकीर्ण वाद) दर्ज करा दिया है। कोर्ट ने विवेचक दरोगा के खिलाफ समन जारी करने का आदेश देते हुए अगली सुनवाई के लिए 25 मई की तिथि नियत की है।