लंभुआ (सुल्तानपुर)। लखनऊ में पोस्टमार्टम होने के बाद बुधवार देर शाम कारोबारी व ठेकेदार उमा शंकर सिंह उर्फ बेटा का शव गांव पहुंचा। घर के सामने शव पहुंचते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई। बुजुर्ग मां व पत्नी को पहले से उमा शंकर की मौत की जानकारी नहीं थी।
शिवगढ़ कोतवाली क्षेत्र के भरखरे गांव के मूल निवासी प्याज कारोबारी उमा शंकर सिंह की लखनऊ के गुडंबा अर्जुन एंक्लेव में गला काटकर हत्या कर दी गई थी। मंगलवार सुबह बेड पर शव पड़ा मिला था। बुधवार शाम को करीब सात बजे जैसे ही शव लेकर परिजन घर के सामने पहुंचे तो मां व पत्नी दहाड़े मार कर रोने लगीं। परिजन व रिश्तेदार किसी तरह उन्हें ढांढ़स बंधाने का प्रयास करते नजर आए।
उमा शंकर सिंह की हत्या के बाद परिजनों को इसकी जानकारी न होने पाए, इसके लिए ग्रामीणों ने दो दिन उनके घर की तरफ रुख ही नहीं किया था। शव पहुंचते ही बड़ी संख्या में शुभचिंतक गांव पहुंच गए। देर शाम जिले के प्रसिद्ध तीर्थस्थल धोपाप में गोमती नदी के किनारे उमा शंकर के शव के अंतिम संस्कार के लिए परिजन रवाना हो गए।