सुल्तानपुर। शहर के सिविल लाइंस स्थित स्टेला मारिस कान्वेंट स्कूल के निकट बृहस्पतिवार सुबह कार सवार की स्टंटबाजी में अधिवक्ता की मौत हो गई। हादसे में उनका बेटा गंभीर रूप से घायल हो गया। स्थानीय लोगों ने कार सवार युवक को जमकर पीटा और फिर पुलिस के हवाले कर दिया। बेटे को पीजीआई के ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया है।
सिविल लाइंस निवासी अधिवक्ता नवीन कुमार शुक्ल (48) का पुत्र रुद्रांश (14) स्टेला मारिस कान्वेंट स्कूल में कक्षा 10 का छात्र है। रुद्रांश की परीक्षा चल रही है। बृहस्पतिवार सुबह नवीन पुत्र को बाइक से स्कूल पहुंचाने जा रहे थे। स्कूल के बगल में जैसे ही पहुंचे, सामने से आ रहे कार सवार ने स्टंटबाजी के चक्कर में अचानक बीच सड़क पर गाड़ी घुमा दी।
कार से टक्कर लगने पर नवीन शुक्ल व रुद्रांश गंभीर रूप से घायल हो गए। उनकी बाइक भी क्षतिग्रस्त हो गई। पुलिस की गाड़ी से पिता-पुत्र को मेडिकल कॉलेज ले जाया गया लेकिन तब तक नवीन की मौत हो चुकी थी। सिर पर गहरी चोट लगने के कारण रुद्रांश की दशा भी ठीक नहीं थी, उसे ट्रॉमा सेंटर लखनऊ रेफर कर दिया गया।
उधर, दुर्घटना के बाद मौके पर जुटे लोगों ने कार चालक को पकड़कर जमकर पीटा। बताया जा रहा है कि कार के शीशे पर विधानसभा का पास चिपका था जिसे लोगों ने फाड़ दिया। यही नहीं, कार के शीशे पर एक हिंदू संगठन का नाम भी लिखा था।
गुस्साए लोगों ने पथराव कर कार को क्षतिग्रस्त कर दिया। कार सवार युवक कादीपुर तहसील क्षेत्र का बताया जा रहा है जोकि टाटियानगर के पास किराये के मकान में रहता है। हादसे की जानकारी होने पर मेडिकल कॉलेज में भी लोगों की भीड़ लग गई। कोतवाल धीरज कुमार ने बताया कि कार चालक को हिरासत में ले लिया गया है। तहरीर मिलने पर केस दर्ज किया जाएगा।
सड़क पर स्टंटबाजी, नजरअंदाज कर रही पुलिस
कान्वेंट स्कूल के सामने बृहस्पतिवार सुबह हुए हादसे को लोग स्टंटबाजी से जोड़कर देख रहे हैं। एमजीएस चौराहा से लेकर पर्यावरण पार्क के बीच एक छोटा-सा स्पीड ब्रेकर बना है। इस रास्ते पर आयुर्वेदिक चिकित्सालय, पीएनबी बैंक, स्टेला मारिस कान्वेंट स्कूल व राणा प्रताप पीजी कॉलेज है। वहीं दीवानी न्यायालय से पर्यावरण पार्क जाने वाले मुख्य मार्ग पर भी कहीं कोई स्पीड ब्रेकर नहीं बना है। इन दोनों रास्तों पर अक्सर बाइक व कार सवार युवा स्टंट करते दिखते हैं। स्पीड में वाहन चलाने वालों की इन सड़कों पर अक्सर होड़ मचती है जिस पर पुलिस का ध्यान नहीं जाता है।
परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
अधिवक्ता नवीन शुक्ल बेहद मिलनसार व्यक्ति थे। उनके परिवार में पत्नी अमिता, पुत्र रुद्रांश व बड़ी पुुत्री कृतिका है। उनकी मौत से पूरा परिवार सदमे में है। उनके घर में दिनभर शोक संवेदना व्यक्त करने वाले लोगों की भीड़ लगी रही।