सुल्तानपुर। पटेल चौक के पास बीयर शॉप पर खड़े एक युवक को दो बाइकों से पहुंचे तीन बदमाशों ने गोलियों से भून डाला।
ताबड़तोड़ फायरिंग से भगदड़ मच गई। स्थानीय लोगों की सूचना के बाद पहुंची पुलिस ने युवक को जीप में लादकर जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
कादीपुर कोतवाली क्षेत्र के सरायरानी गांव निवासी अखिलेश तिवारी (32) पुत्र देव नारायण तिवारी मंगलवार की रात साढ़े नौ बजे पटेल चौक के पास स्थित बीयर शॉप पर खड़ा था।
तभी दो बाइकों से तीन युवक वहां पहुंचे और अखिलेश को निशाना बनाते हुए ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी। बदमाशों की फायरिंग से आस-पास खड़े लोग भयभीत हो गए। लोग इधर-उधर भागने लगे।
अखिलेश को गोली मारने के बाद हमलावर असलहा लहराते हुए फरार हो गए। स्थानीय लोगों की सूचना के बाद मौके पर कोतवाल वंशराज पांडेय पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंच गए।
कोतवाल ने लहूलुहान अखिलेश को पुलिस जीप से जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। हत्या की सूचना मिलते ही एएसपी ग्रामीण शिवराज, सीओ कादीपुर सुरेंद्र कुमार ने भी घटना स्थल का निरीक्षण किया।
इस बाबत एएसपी शिवराज ने बताया कि अखिलेश कादीपुर कोतवाली का हिस्ट्रीशीटर अपराधी है। उस पर आठ मुकदमे दर्ज हैं। इनमें हत्या, लूट, रंगदारी मांगने का मुकदमा शामिल है। एएसपी ने बताया कि परिवारीजनों ने अभी तक तहरीर नहीं दी है। तहरीर मिलने पर केस दर्ज किया जाएगा।
सरायरानी गांव निवासी अखिलेश तिवारी का नाम ट्रिपल मर्डर में प्रकाश में आया था। 12 जून 2015 को कादीपुर कोतवाली क्षेत्र के नूरपुर अल्देमऊ गांव के बाहर स्थित नलकूप के पास प्रशांत सिंह निवासी नूरपुर, शिव कुमार व देव नारायण निवासी जलालपुर कोतवाली कादीपुर की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।
हत्या से नाराज लोगों ने पुलिस की बाइक, जीप फूंक दिया था। ट्रिपल मर्डर में अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज किया गया था। पुलिस ने तफ्तीश के बाद ट्रिपल मर्डर के आरोप में 22 जून 2015 को अखिलेश तिवारी निवासी सरायरानी कोतवाली कादीपुर को गिरफ्तार किया था। हत्या में तीन अन्य लोग भी शामिल थे।