यूपीए सरकार की ओर से प्रस्तुत वक्फ संशोधन अधिनियम 2013 ने वक्फ बोर्ड की शक्तियों का विस्तार कर मनमाने ढंग से भूमि अधिग्रहण को सक्षम करके संपत्ति के अधिकारों को कमजोर कर दिया। इसमें पारदर्शिता की कमी और हितधारकों की चिंताओं को नजर अंदाज करने के साथ ही बिना किसी नियम कानून के फैसले किए गए। इसके चलते इससे लाभान्वित होने वाला मूल वर्ग ही दूर हो गया।
भाजपा जिलाध्यक्ष नंदलाल ने कहा कि सभी पदाधिकारी व कार्यकर्ता अपने-अपने मंडलों में वक्फ (संशोधन) अधिनियम 2025 के बारे में समाज के बीच जाकर चर्चा करें।
इस मौके पर भाजपा जिला प्रभारी अनिल सिंह, सदर विधायक भूपेश चौबे, पूर्व क्षेत्रीय उपाध्यक्ष रमेश मिश्रा, चिकित्सा प्रकोष्ठ के क्षेत्रीय संयोजक अशोक राय, अनुसूचित मोर्चा के क्षेत्रीय अध्यक्ष अजीत रावत, अल्पसंख्यक मोर्चा के जिलाध्यक्ष कमलेश खांबे, पूर्व जिलाध्यक्ष अशोक मिश्रा, अजीत चौबे, धर्मवीर तिवारी, अल्पसंख्यक मोर्चा से फिरदौस, रफीक इम्तियाज आदि मौजूद रहे। संचालन जिला महामंत्री कृष्णमुरारी गुप्ता ने किया।