अनपरा तापीय परियोजना के आवासीय परिसर में एक कर्मचारी के पुत्र ने सोमवार को फंदा लगाकर जान दे दी। उसका शव पंखे के सहारे साड़ी के फंदे से लटकता मिला। परिजनों के मुताबिक वह कई वर्षों से नौकरी पाने के लिए तैयारी कर रहा था। सफलता न मिलने से वह आहत था।
पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए दुद्धी भेज दिया। दीपक यादव (26) अपने माता-पिता के साथ अनपरा तापीय परियोजना के आवासीय परिसर स्थित हाथी पार्क के सामने द्वितीय-713 में रहता था। सोमवार की दोपहर पिता चौधरी सिंह यादव ड्यूटी पर चले गए। शाम को मां काॅलोनी में टहलने गई थी।
इस बीच दीपक ने साड़ी के फंदे से पंखे के सहारे लटककर जान दे दी। जब मां लौटी तो दरवाजा अंदर से बंद था। काफी आवाज लगाने पर भी उत्तर न मिलने पर पड़ोसियों को बुलाया। पड़ोसियों ने किसी तरह दरवाजा खोला और युवक को फंदे से उतारकर परियोजना अस्पताल ले गए।
वहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। दीपक के पिता अनपरा तापीय परियोजना के सीजीएम कार्यालय में सीए बाबू के पद पर कार्यरत हैं। परिवार मूल रूप से गाजीपुर का रहने वाला है। दीपक परिवार का बड़ा बेटा था।
प्रयागराज से बीटेक की पढ़ाई के बाद पिछले तीन वर्ष से नौकरी की तैयारी कर रहा था। सफलता न मिलने से वह तनाव में रहता था।